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Ashok Kumar Raktale
  • Male
  • Ujjain,M.P.
  • India
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Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-44 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय जवाहर जी भाई सादर, सुन्दर चौपाइयां रची हैं, बहुत बधाई. सादर. "
20 hours ago
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-44 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय रमेश कुमार चौहान जी सादर, सुन्दर सार छंद रचे हैं. लोकतंत्र का कमाल देखो......इसमे कमाल की जगह करतब कर लेते तो शायद गेयता और भी अच्छी हो जाती. सुन्दर प्रस्तुति पर बहुत-बहुत बधाई स्वीकारें. सादर."
20 hours ago
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-44 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय मिथिलेश वामनकर साहब सादर, बहुत सुन्दर हरिगीतिका छंद रचे हैं सुधार के बाद और भी सुन्दर बन गए है.बहुत बधाई. सादर."
20 hours ago
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-44 in the group चित्र से काव्य तक
"कालू भगत है, नाम मेरा, मिला गेंडा छाप।                                 फोटो छपा है, देख मेरा, रखें पर्ची आप॥                              मैं भी चलूँगी , संग तेरे, हर गली हर…"
21 hours ago
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-44 in the group चित्र से काव्य तक
"द्वार खुला है गेह का   बाहर का यह ग्राफ पत्नी बाहर नभ तले     बर्तन करती साफ़..............वाह ! खूब चित्र खींचा है. आदरणीय डॉ. गोपाल नारायण श्रीवास्तव साहब सादर, प्रदत्त चित्र पर सभी सुन्दर दोहे रचे हैं. बहुत-बहुत बधाई.…"
21 hours ago
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-44 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय लड़ीवाला साहब सादर, सुन्दर प्रदत्त चित्र अनुरुप सुन्दर कुण्डलिया छंद रचे हैं. बहुत-बहुत बधाई.  दुसरे छंद की प्रथम पंक्ति में एक मात्रा कम है ! देख लें. सादर.     नेता जी के शौर्य का, खूब किया गुणगान | जुड़े हाथ ही बन गई, अब इनकी…"
22 hours ago
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-44 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय सचिन जी सादर, सुन्दर शुरुआत की है किन्तु फिर कहीं शिल्प से ध्यान हटा है. अन्यथा सभी दोहे सुन्दर भाव लिए हैं. सादर."
22 hours ago
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-44 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय शिज्जू शकूर साहब सादर, दोहों में प्रदत्त चित्र अनुरूप सुन्दर संवाद प्रस्तुत किया है. सुन्दर प्रस्तुति पर बहुत-बहुत बधाई स्वीकारें. सादर. "
22 hours ago
Ashok Kumar Raktale replied to Dr.Prachi Singh's discussion ओबीओ 'लाइव महोत्सव' गोल्डन जुबली अंक की सभी स्वीकृत रचनाओं का संकलन
"आदरणीया डॉ.प्राची सिंह जी सादर, गोल्डन जुबली महोत्सव अंक में दी गई प्रस्तुतियां शायद अब तक के महोत्सवों से कुछ अधिक बड़ी थी. उनके भी सफल संकलन के लिए आपका बहुत-बहुत आभार.सादर. "
Tuesday
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" गोल्डन जुबली अंक
"आदरणीय डॉ. विजय शंकर साहब सादर, रचना के भावों पर आपकी प्रतिक्रिया से रचना को मान मिला है. आपका बहुत-बहुत आभार. सादर."
Dec 14
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" गोल्डन जुबली अंक
"आदरणीय बाग़ी जी सादर, आपकी सराहना पाकर रचनाकर्म सफल हुआ. सादर आभार."
Dec 14
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" गोल्डन जुबली अंक
"आदरणीय डॉ. गोपाल नारायण श्रीवास्तव साहब सादर, प्रदत्त विषयानुरूप सुन्दर रचना हुई है. बहुत-बहुत बधाई. शिल्प पर आदरणीया राजेशकुमारी जी कह ही चुकी हैं. सादर."
Dec 14
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" गोल्डन जुबली अंक
"बीच बीच में वो कुत्ता गधा या ऐसी कोई बात कहकर देख लेते हैं कि कहीं इंडिया वालों का स्वाभिमान तो नहीं जग रहा है। .....वाह ! खूब कहा है ."
Dec 14
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" गोल्डन जुबली अंक
"आदरणीय जवाहर जी भाई सादर, बहुत सुन्दर रचना. बहुत-बहुत बधाई. सादर."
Dec 14
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" गोल्डन जुबली अंक
"आदरणीय सौरभ जी सादर, कुण्डलिया छंदों पर भाव के साथ शिल्प पर भी मिली प्रतिक्रिया अवश्य ही उत्साहवर्धन कर रही है. रचना  को आपने जो मान दिया है वह अभिभूत कर रहा है. आपका हृदयातल से आभार. सादर."
Dec 14
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" गोल्डन जुबली अंक
"आदरणीय प्रभाकर जी सादर, प्रस्तुत छंदों पर आपकी प्रतिक्रिया ने रचना का मान बढाया है. आपका हृदयातल से आभार. सादर."
Dec 14

Profile Information

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Ujjain
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About me
I am a technical person and always talk in right angle.

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Ashok Kumar Raktale's Blog

चुनावी चौसर ! (चौपई छंद)

छिड़ी हुई शब्दों की जंग | दिखा रहे नेता जी रंग ||

वैचारिकता नंगधडंग | सुनकर हैरत जन-जन दंग ||

जाति धर्म के पुते सियार | इनपर कहना है बेकार ||

बात-बात पर दिल पर वार | जन मानस पर अत्याचार ||

 

पांच वर्ष में एक चुनाव | छोड़े मन पर कई प्रभाव ||

महँगाई भी देती घाव | डुबो रही है सबकी नाव ||

नारी दोहन अत्याचार | मिला नहीं अबतक उपचार ||

सरकारें करती उपकार | निर्धन फिरभी हैं बीमार ||

 

तीर तराजू औ तलवार | किसे कहें अब जिम्मेदार…

Continue

Posted on April 23, 2014 at 2:00pm — 27 Comments

दोहे-मोहें.

नेकनीयती वृन्द के, मुरझाये..….हैं फूल |

कहकर पुष्प गुलाब का, दिए सैकड़ों शूल ||

 

बही नाव……..पतवार भी, तूफानों की धार |

बढ़ा प्रेम तब सरित का, जब पाया मँझधार ||

 

कुल की करुणा कान में, बोली थी चुपचाप |

देख समय सूरज चढा, तू भी इसको भाप ||

 

अवसर का उपहास है, अनजाने ही हार |

भोग रहे पीड़ा कई, गए समय की मार ||

 

कागज़ पर लिखता रहा, विरह प्रेम के गीत |

जुडी कलम की छंद से, अनजाने ही प्रीत ||

 

तप…

Continue

Posted on December 10, 2013 at 9:30pm — 13 Comments

हँसते रहे रोते रहे |

गूंजती थी जब खमोशी, हादसे होते रहे |

रात जागी थी जहां पर दिन वहीँ सोते रहे ||

 

अनमने से भाव थे वह अनमनी सी थी नजर

अनमने सिंगार पर ही मुग्ध हम होते रहे ||

 

कौंध कर बिजली गिरी वसुधा दिवाकर भी डरा,

कुंध तनमन क्रोध संकर बीज हम बोते रहे ||

 

भावना विचलित हुई जब चीर नैनो से हटा,

चार अश्रु गिर धरा पर माटी में खोते रहे ||

 

पीर बढती ही गई जब भावना के वेग से,

हम किनारे पर रहे हर शब्द को धोते रहे…

Continue

Posted on November 20, 2013 at 7:00pm — 25 Comments

कुछ दोहे

जीवन में सद्काम का,........... हुआ सदा सम्मान |

आये दिन अब कर्म के,........ जाने सजग किसान ||

 

कारी रैना भोर में,..................... बीती देकर ज्ञान |

चार प्रहर में दोपहर,.............…

Continue

Posted on May 22, 2013 at 10:00pm — 7 Comments

Comment Wall (22 comments)

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At 5:31pm on July 23, 2014, seemahari sharma said…
बहुत बहुत आभार आदरणीय अशोक रकताले जी।
At 8:43pm on June 15, 2014, mrs manjari pandey said…
आदरणीय रक्ताले जी बहुत बहुत धन्यवाद। वस्तुतः विषय तो चिंतनीय है ही .
At 5:01pm on July 26, 2013, Dr Ashutosh Vajpeyee said…

ashok ji apne Mujhe aur Om neerav ji ko FB par Block kar diya is baat se ham logon ko ateev kasht hua hai ham dono hi yah jaan lena chahtey hain ki kis apradh ke liye apne hame yah dand diya aur kavita lok group kyon chhoda,,,,uttar ki prateeksha me me vyagra hoon

At 10:35am on June 10, 2013, D P Mathur said…

आदरणीय अशोक कुमार रक्ताले सर हौंसला बढ़ाने के लिए आपका आभार !

At 6:13pm on May 8, 2013, Dr Dilip Mittal said…

आदरणीय इसी तरह आशीर्वाद बनाए रखें 

हार्दिक आभार 
At 7:40pm on May 4, 2013, Dr Dilip Mittal said…

आपके प्रोत्साहन भरे भावों के लिए शुक्रिया 

At 1:51pm on February 27, 2013, Meena Pathak said…

सादर आभार 

At 11:53pm on February 22, 2013, बृजेश नीरज said…

आपने मुझे मित्रता योग्य समझा इसके लिए आपका आभार!

At 9:44am on December 31, 2012, कुमार गौरव अजीतेन्दु said…

नये साल की बहुत-बहुत शुभकामनाएँ आदरणीय रक्ताले सर.......

At 8:37pm on December 15, 2012, AVINASH S BAGDE said…
आदरणीय अशोक रक्ताले जी,
इस 

महीने का सक्रिय सदस्य

चुने जाने पे आपका सादर  अभिनन्दन।
..अविनाश बागडे 
 
 
 

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