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आज सब जानत बा की भोजपुरी कवन तरह से फईलत बा| . आज जहाँ कुछ लोग भोजपुरी के उठान में आपन जी-जान लगा दिहलें बाटे उहवे कुछ 'करता'-'धर्ता' लोग एके बदनाम करे में कवनो कसर नाही छोड़त बाड़े| . ई बात एकदम सही बा की आज आपन भाषा , आपन बोली 'भोजपुरी' ना बस 'भारत' में बल्कि पूरा 'संसार ' में बहुत तेजी से फैलत बा |. ई हमनी के भाषा के उत्थान होत बा लेकिन ई जेवन तरह से, जेवन 'माध्यम' से फैलत बा इ बात पे ध्यान देहला के जर्रूरत बा |.

5 साल पहिले , २००५ में जब हम पहिली बार आपन 'घर-दुवार ' छोड़ के बाहर गईलीं त हमके पता चलल की का महत्व बा हमरे भोजपुरी के |. लोग जे की "गैर-भोजपुरी " रहे एके सुन के बड़ा खुश होवे |. सब लोग कहे की ई भाषा बहुत "मीठ " लागेले , बाकिर आज की इस्थिति पर बिचार करे के जरूरअत बा . आज जबकि हम लखनऊ में रहेलिन केहू (गैर भोजपुरी) से भोजपुरी म बात करे में लाज आवेला |. काहे की लोग एके सुनल ना पसंद करेलन |. आप सब लोग जान सकत बानी की एकर एके कारन बा |, आज काल्ह के गाना , आ फिलिम |.

कवनो चीज के कहला के एगो ढंग होवेला . कवनो कायदा, क़ानून होवेला |. आज जेवन ई एकदम असभ्य मतीन आ खराब से ख़राब , फूहड़ से फूहड़ शब्द के प्रयोग होत बा गाना में ई भोजपुरी के और भोजपुरी समाज के ज़लील करत बा |. लोगन के आपन संस्कृति ना भूले के चाही |. केतना तेज बदलत बा भोजपुरी के स्वरुप सबे देखत बा |. का इ तरह से बदले के चाही , हम आप सब लोगन से पूछत बानी |.

इतनी फूहड़ गानन पर कुछ त रोक होवे के चाही . वाह रे आज के 'गाना' की केहू 'परिवार' के साथे ना सुन सकत बा |. हम गीतकार लोगन से हाथ जोड़ के विनती करत बानी की आप लोग इ तरह के गाना ना लिखी |. मत बदनाम करी आपन भोजपुरी के आपन समाज के |. का आप सब गीतकार लोगन के ईहे औकात बा ? कबो त कुछ बढियां लिखला क कोशिश करीं | सब गायक लोग जे की 'लाज' - 'शर्म' घोर के पी गईल बा लोग कुछ त लाज करीं .

हम सब भोजपुरी भाई लोग से विनती करत बानी की आपन भाषा के बदनाम होवे से बचा लीं . 4 पैसा की चक्कर में खुद के इतना ना बदनाम करे के चाही |. ई लोग आज के 'CELEBRITY' बा , लेकिन ई लोग के हालत ई बा |. हम त ईहे कहब की कवनो चीज अपने हद में रही त ठीक ना त कुछ भी मिटे म देर ना लागेला |. हम सब भाई -बहिन लोगन से भोजपुरी के उत्थान खातिर कुछ ना कुछ करे के कहत बानी |. हम ई ना कहत बानी की आप लोग बस भोजपुरिये पढ़ा , लेकिन यथा संभव भोजपुरी में भी योगदान करा |.

'जय भोजपुरी '

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Replies to This Discussion

धन्यवाद 'गुरु जी'
आशीष जी राउर चिंता जायज बा, आज भोजपुरी के पतन भोजपुरियन के वजह से ही हो रहल बा, भोजपुरी फ़िल्म आ गीत आज अश्लीलता के पर्याय बनल जात बा, हमारा याद बा जब हम NCC कैंप के सांस्कृतिक कार्यक्रम मे भोजपुरी गीत गावे से हमारा के रोक दिहल गइल रहे कि भोजपुरी गीत ह त जरूर अश्लील होई, हमरा बहुत समझावला के बाद अनुमति मिल सकल, आज हम एगो भोजपुरी बिरहा जवन कृष्ण राधा के लेकर गावल गइल बा बाकी तर्ज के नाम पर ऐसन ऐसन फूहड़ गीत गावल बा कि हम का बताई, मजा के त ई बात बा कि तर्ज ७ मिनट गावल जात बा जबकि वोपर आधारित गीत ३ मिनट,
कवनो चीज के अति ख़राब होला अगर दोसर शब्द मे कही त चरम अवस्था पतन के कारण होला, कही ई चरम के अवस्था त नईखे आ गइल ?
आशीष जी, बहुत वाजिब बात रउरा ईहाँ उठवले बानी । भोजपुरी फिल्म होखे भा फिल्मी गीत - परिवार के संगे बइठ के देखे-सुने लायक नइखे रह गइल । भोजपुरी फिल्म के तऽ अइसन हाल हो गइल बा कि बुझाते नइखे कि भोजपुरी समाज चाहे भोजपुरी संस्कृति आ सभ्यता से एकर दूर-दूर के भी नाता रह गइल बा । जब फिल्म अइसन होखी तऽ ओहमें गीत कइसन रही एकर सहज कल्पना कइल जा सकेला । एकरा वजह से भोजपुरी भाषा के बदनामी हो रहल बा । हमरा विचार से अइसन फिल्म आ गीत-संगीत के वहिष्कार कइल ही सबसे बढ़िया उपाय हो सकेला ।
bada hi badhiya baat uthawle baani sir.

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