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सब्र दशकों से किये है -लक्ष्मण धामी'मुसाफिर' (गजल)

२१२२/२१२२/२१२२/२१२


कौन कहता है कि उनसे और वादा कीजिए
है निवेदन जो किया था वो ही पूरा कीजिए।१।

*
सब्र दशकों से किये  है  आमजन इस देश का
अब गरीबी भूख का कुछ तो सफाया कीजिए।२।

*
बस चुनावों में विरोधी बाद उस के सब सखा
मूर्ख जनता को समझ ऐसे न साधा कीजिए।३।

*
जल रहा कश्मीर तुमको फिक्र अपने कुनबे की
सिर्फ  कुर्सी  के  लिए  ऐसा  न  सौदा  कीजिए।४।


सूखी जनता को निचोड़ो किसने रोका है मगर
पेट अपना बढ़ गया  जो  पहले आधा कीजिए।५।

*
सिर्फ अपना सुख न देखो कहके सेवक हैं स्वयम्
सेवकाई का  हुनर  रख  दिल  भी  जीता कीजिए।६।

मौलिक/अप्रकाशित

लक्ष्मण धामी'मुसाफिर'

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Comment by लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' on December 13, 2020 at 9:11pm

आ. भाई by बृजेश कुमार जी सादर अभिवादन । गजल पर उपस्थिति व उत्साहवर्धन के लिए धन्यवाद ।

Comment by लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' on December 13, 2020 at 9:07pm

आ. भाई सालिक गणवीर जी, सादर अभिवादन । गजल पर उपस्थिति और उत्साहवर्धन के लिए आभार ।

Comment by बृजेश कुमार 'ब्रज' on December 12, 2020 at 9:22pm

बड़ी अच्छी ग़ज़ल कही आदरणीय...

Comment by सालिक गणवीर on December 11, 2020 at 6:28pm

भाई लक्षमण धामी 'मुसाफ़िर' जी
आदाब
एक और तंज करती हुई अच्छी ग़ज़ल हुई है मुबारकबाद पेश करता हूँ। सादर

Comment by लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' on December 5, 2020 at 12:32pm

आ. भाई अमीरुद्दीन जी, सादर अभिवादन। गजल पर उपस्थिति व सराहना के लिए हार्दिक बधाई ।

Comment by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी on December 5, 2020 at 11:42am

जनाब लक्षमण धामी 'मुसाफ़िर' जी आदाब, अच्छी ग़ज़ल हुई है मुबारकबाद पेश करता हूँ। सादर।

Comment by लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' on December 4, 2020 at 6:39pm

आ. भाई समर जी, सादर अभिवादन । गजल पर उपस्थिति व प्रशंसा के लिए आभार।

Comment by लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' on December 4, 2020 at 6:38pm

आ. भाई विजय शंकर जी, सादर अभिवादन । गजल पर उपस्थिति और सराहना के लिए धन्यवाद ।

Comment by Samar kabeer on December 4, 2020 at 5:24pm

जनाब लक्ष्मण धामी 'मुसाफ़िर' जी आदाब, ग़ज़ल का अच्छा प्रयास है, बधाई स्वीकार करें ।

Comment by Dr. Vijai Shanker on December 4, 2020 at 10:56am


आदरणीय लक्षमण धामी मुसाफिर जी , बहुत ही सधी हुयी पंक्तियाँ , विगत सात दशकों की कथा। बधाई इस प्रस्तुति के लिए। सादर।

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