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तो क्या ? (लघुकथा) शिक्षक दिवस पर विशेष

"बहू, पेपर पढ़ा आज का ? एक तरफ द्रोणाचार्य पुरस्कार पाने वाले शिक्षकों के बारे में लिखा है ,वहीँ दूसरी तरफ एक दूसरे गुरूजी  की महिमा मंडिता है I ये महाशय अपने शिष्यों से दूसरों  के खेतों से सब्जी और भुट्टे  चोरी  करवा के मंगवाते हैं " दादाजी भुनभुना रहे थे I

"ये तो कुछ भी नहीं है बाबूजी Iआजकल के टीचर्स के बारे में कितनी बातें पढने में आती हैं ,जिन्हें पढ़कर सिर शर्म से झुक जाता है "बहू ने अपना ज्ञान जोड़ा I

"तो क्या हो गया दादाजी ?"  ये 17..18 वर्ष का पोता थाI

"क्या हो गया i i  इतनी उत्कृष्ट गुरु शिष्य परंपरा का हमारा इतिहास ,  और  आज के गुरूओं का ये पतन ..,और तू कह रहा है 'क्या हो गया ' "अब दादाजी उत्तेजित होने लगे थे I

"हाँ दादाजी , तो क्या हो गया ? सब्जी भुट्टे ही तो मंगवाए अपने शिष्यों से ,कोई अंगूठा तो नहीं मांग लिया"I

मौलिक व् अप्रकाशित 

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Comment by pratibha pande on September 5, 2015 at 7:47pm

उत्साह वर्धन के लिए आपका आभार आदरणीय ओमप्रकाशजी 

Comment by pratibha pande on September 5, 2015 at 7:46pm

सराहना के लिए आपका आभार आदरणीय मोहन बेगोवाल जी 

Comment by Omprakash Kshatriya on September 5, 2015 at 5:48pm

वाह !  " तो क्या हो गया ? सब्जी भुट्टे ही तो मंगवाए अपने शिष्यों से ,कोई अंगूठा तो नहीं मांग लिया"I बधाई .

Comment by मोहन बेगोवाल on September 5, 2015 at 3:42pm

   जैसे कि  "तो क्या हो गया" ?  कुछ   शिक्षक तो इसे अपना हक समझ कर , अभी शिष्यों से बहुत सारे अपने  काम करवाते है  , आज कोई शिष्य अंगूठा  देएगा  भी नहीं , मगर बहुत अच्छी लघुकथा ,

 

तो क्या हो गया ? सब्जी भुट्टे ही तो मंगवाए अपने शिष्यों से ,कोई अंगूठा तो नहीं मांग लिया"I

Comment by pratibha pande on September 5, 2015 at 12:05pm

आदरणीय रवि प्रभाकर जी ,महाभारत का ये प्रसंग मुझे अक्सर आहत करता है ,इसी भावना को कथा के माध्यम से व्यक्त करने का प्रयास किया है , आपने कथा पर आकर मेरा उत्साह वर्धन किया ,आपका ह्रदय से आभार 

Comment by Ravi Prabhakar on September 5, 2015 at 11:23am

आदरणीय प्रतिभा जी कथा की अंतिम पंक्‍ित /हाँ दादाजी , तो क्या हो गया ? सब्जी भुट्टे ही तो मंगवाए अपने शिष्यों से ,कोई अंगूठा तो नहीं मांग लिया/ वाकई अंदर तक झंझोरने में सक्षम रही है। शिक्षक दिवस के अवसर पर इस विशेष प्रस्‍तुति के लिए हार्दिक शुभकामनाएं । सादर

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