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कुण्डलिया छंद-लक्ष्मण लडीवाला

जज्बा रख यदि ठानले, लगे सफलता हाथ,

काम करे उत्साह से, मिले सभी का साथ

मिले सभी का साथ, सभी उत्साहित रहते

रखकर ऊँची सोच, मदद आपस में करते

करे सोच कर काम, लगे न कभी भी धब्बा

संकट जाता हार, जब हो कर्म का जज्बा |

(२)

यात्रा जैसे आइना, ज़रा गौर से देख 

सुन्दरता वर्णन करे, विद्वानों के लेख 

विद्वानों के लेख,से बहुत सा ज्ञान मिले

पढ़े जब शिलालेख,संस्कृति संज्ञान मिले

बिन यात्रा के आप, ले न सके ज्ञान वैसे

कही न मिलता ज्ञान, मिले याता में जैसे |     

(३)

बिगुल बजे चुनावों का, मतदाता अब नाथ

वादे करते आ रहे, दल बल के सब साथ |

दल बल के सब साथ, करे नेता सब वादे 

जनता को है भान, नहीं है नेक इरादे |

कह कवि राय प्रसाद, गुण्डे करते सब मजे, 

करना सही चुनाव,युद्ध सा जब बिगुल बजे | 

.

(मौलिक व् अप्रकाशित) 

 

 

 

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सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Saurabh Pandey on March 26, 2014 at 7:04pm

क्या कहें !

आदरणीय, अपेक्षा थी कि आप नवोदितों को छंदों पर विशेषकर दोहा-कुण्डलिया पर अपनी बातें कहते.

बिगुल बजे चुनावों का  .. यह किसी दोहा का विषम चरण है ?

सादर

Comment by लक्ष्मण रामानुज लडीवाला on March 12, 2014 at 7:33pm

छंद पसंद करने के लिए धन्यवाद श्री विजय मिश्र जी | सादर 

Comment by लक्ष्मण रामानुज लडीवाला on March 12, 2014 at 7:32pm

सही पकड़ की है भाई श्री गिरिराज भंडारी जी | तीसरी कुंडलिया छंद पुनः देख संशोधन के प्रयास करता हूँ | आपका हार्दिक आभार 

Comment by लक्ष्मण रामानुज लडीवाला on March 12, 2014 at 7:31pm

छंद सराहने के लिए आभार आपका श्री शिज्जू शकूर जी, और भाई श्री अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव जी 

Comment by लक्ष्मण रामानुज लडीवाला on March 12, 2014 at 7:30pm

छंद पसंद करने के लिए सादर आभार आदरणीया सरिता पाठक जी और मीना पाठक जी 

Comment by विजय मिश्र on March 12, 2014 at 12:59pm
बहुत सुंदर सन्देश लक्ष्मण भाई |बधाई

सदस्य कार्यकारिणी
Comment by गिरिराज भंडारी on March 11, 2014 at 9:36pm

आदरणीय लक्ष्मण भाई , सुन्दर कुंडलियाँ रची है आपने , बधाइयाँ ॥ तीसरी कुंडलिया मे गेयता बाधित लग रही है ॥

Comment by Meena Pathak on March 11, 2014 at 10:11am
Bahut sundar Kundaliyan .. Saadar badhai
Comment by अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव on March 10, 2014 at 7:13pm

आदरणीय लक्ष्मण भाई, 

सही सलाह देती अच्छी कुंडलियाँ , हार्दिक बधाई  

Comment by Sarita Bhatia on March 10, 2014 at 5:46pm

बहुत प्रभावी और सामयिक कुण्डलियां 

कृपया ध्यान दे...

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