For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

एक नवगीत

 

गायब हैं नकली रंगों में,

होली के हुडदंग.

नजर न आती आसमान में,

उड़ती हुई पतंग.

 

पड़ी ठण्ड जब रहे सिकुड़ते,

मिली न छत सबको,

मई जून में खूब तपाया,

सूरज ने हमको.

 

बारिश में बदली की चादर ,

होती देखी तंग

 

बड़े फ्लैट हैं, कारें लम्बी,

दिल उतना छोटा.

झुग्गी झोंपडियों के अन्दर,

धूप हवा का टोटा.

 

नहीं साथ में रहते हैं अब,  

खटिया और पलंग

 

सजी नगर में है चौपाटी,

लगा हुआ मेला.

खड़ा गाँव की चौपालों में,

है बस नीम अकेला.

 

रहता तो इंसान साथ, पर,

दिखती नहीं उमंग.

(मौलिक एवं अप्रकाशित)

Views: 561

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

Comment by बसंत कुमार शर्मा on May 11, 2017 at 10:00am

आदरणीय बृजेश कुमार 'ब्रज' जी का ह्रदय से आभार

Comment by बसंत कुमार शर्मा on May 11, 2017 at 9:59am

आदरणीय narendrasinh chauhan जी आपका बहुत बहुत शुक्रिया

Comment by बृजेश कुमार 'ब्रज' on May 10, 2017 at 8:25pm
उत्तम बहुत ही उत्तम सृजन हुआ आदरणीय..सादर
Comment by narendrasinh chauhan on May 10, 2017 at 5:57pm

बहोत खूब 

Comment by बसंत कुमार शर्मा on May 10, 2017 at 12:52pm

आपका प्रोत्साहन पाकर अभिभूत हूँ आदरणीय Mohammed Arif जी, आपको गीत पसंद आया बहुत बहुत शुक्रिया 

Comment by Mohammed Arif on May 10, 2017 at 11:48am
आदरणीय बसंत कुमार शर्मा जी आदाब,एक और धमाकेदार गीत की सौग़ात !वाह! क्या लाजवाब गीत है । दर्द है , पीड़ा है , बिछुड़न है , खो जाने और यादों का शेष बचा एलबम है । सच है बाज़ारवादी अर्थ व्यवस्था ने सबको कूचल कर रख दिया है । ढेरों बधाईयाँ स्वीकार करें ।

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

राज़ नवादवी replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"🌹 OBO के पुनर्गठन एवं पुनर्जीवन के लिए एक सशक्त अपील और कुछ रचनात्मक…"
16 hours ago
Dharmendra Kumar Yadav posted blog posts
Saturday
Sushil Sarna posted a blog post

कुंडलिया. . . . झोला

कुंडलिया. . . . झोलाझोला   लेकर  हाथ  में, चले   मुरारी   लाल । भाव देख कर थम गई,  उनकी बढ़ती चाल…See More
Saturday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"सभी को मिलकर ओबीओ को बचाने का सतत प्रयास करते रहना चाहिए।"
Thursday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on vijay nikore's blog post सांकल मन के द्वार पर
"आ.भाई विजय जी, सादर अभिवादन। बहुत सुंदर रचना हुई है। हार्दिक बधाई स्वीकारें।"
Thursday
राज़ नवादवी replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"atyant dukahd "
Sep 11
जगदानन्द झा 'मनु' replied to जगदानन्द झा 'मनु''s discussion गजल in the group मैथिली साहित्य
"आदरणीय, प्रणाम संगहि संग हार्दिक धन्यवाद। अपनेक मार्गदर्शन पाबि बहुत बेसी मोटिवेशन आ सीखक मिलैए…"
Sep 10

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to जगदानन्द झा 'मनु''s discussion गजल in the group मैथिली साहित्य
"आदरणीय जगदानन्द झा मनु जी, अहाँ बड्ड नीक गजल पठेलियै. सबसे पहिल, त हम प्रयुक्त भेल बहरक विषय में…"
Aug 18
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"आदरणीय सौरभ जी सादर प्रणाम, प्रस्तुत हरिगीतिका छंद पर आपकी प्रतिक्रिया से सृजन सफल हुआ है. आपके…"
Aug 15
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"आदरणीय श्याम नारायण वर्मा जी सादर, प्रस्तुत छंदों पर उत्साहवर्धन के लिए आपका हार्दिक आभार.…"
Aug 15
जगदानन्द झा 'मनु' added 2 discussions to the group मैथिली साहित्य
Aug 10
Shyam Narain Verma commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"नमस्ते जी, बहुत ही सुन्दर प्रस्तुति, हार्दिक बधाई l सादर"
Aug 6

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service