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क्षमा कीजिये मुझे मैं हाथ जोड़ता हू|

मैं तत्काल प्रभाव से मेरे सारे कार्यों से त्यागपत्र दे रहा हूँ -- मेरे इस्तीफे के लिए कारण है कि मैं आज सुबह काम पर जाने से पहले मुझे एहसास हुआ की बाल मजदूरी आपराध है|| आपसे शिकायत है की आप मुझे एहसास न दिला पाए .

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प्रधान संपादक
Comment by योगराज प्रभाकर on June 8, 2010 at 10:34am
Bahut zabardast kataksh kiye hain Vats ji, shabd seemit hain magar sandesh bahut hi bada hai.
Comment by Rash Bihari Ravi on June 3, 2010 at 2:56pm
jai ho thore sabdo me bahut kuch kah gaye bhai,

मुख्य प्रबंधक
Comment by Er. Ganesh Jee "Bagi" on June 2, 2010 at 10:29am
Saari duniya ka aankh kholti yey tasvir, hamey aek baar phir sochna padeyga ki kya ham log sabhya samaaj ka hi hissa hai ?
Bahut badhiya post , Thanks to Mr Anand Vats
Comment by Kanchan Pandey on June 1, 2010 at 1:58pm
yey hai Poori duniya ki haqiqat, bahut khub vats jee,
Comment by PREETAM TIWARY(PREET) on June 1, 2010 at 1:54pm
bahut sahi anant vats jee.........bahut bahut dhanyabaad
Comment by Admin on June 1, 2010 at 12:26pm
आदरणीय आनंद वत्स जी , प्रणाम ,
सर्व प्रथम तो मै ओपन बुक्स ऑनलाइन पर आपके पहले ब्लॉग का स्वागत करता हू, और बधाई देना चाहता हू की आप की पोस्ट की हुई एक छोटी सी रचना बहुत ही मार्मिक और ह्रदय स्पर्शी है, बहुत बहुत धन्यबाद इस खुबसूरत पोस्ट के लिये,
आपका अपना ही
ADMIN
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