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अहसासों के दरमियां 
मेरे ख़्वाबों को जगाने 
जब तुम आओगे ना 
कुछ शरामऊँगी मैं 
धडकनों को थामकर 
कुछ बहक सा जाऊँगी मैं 
मुझे बहकाने तुम आओगे ना ????

इठलाती सी धूप में 
रूख पर नक़ाब गिराने 

जब तुम आओगे ना 
तेज़ किरणें शरमा जायेंगी 
तुम्हारे अक्स के आ जाने से 
मेरी परछाई को ख़ुद में 
समाने तुम आओगे ना ????

अकेलेपन में भींगी आँखों 
के आंसूओं को पोंछने 
जब तुम आओगे ना 
एक मुस्कान खिल जायेगी 
कुछ किस्से सुनने 
भटकती इस ज़िंदगी में 
मुझे अपना बनाने 
आरजुओं को जगाने तुम आओगे ना ????

दो नहीं एक ही है हम 
इस हौसले को बढ़ाने 
जब तुम आओगे ना 
चाँद की चाँदनी तेज़ हो 
अपना तेज़ फैलायेगी 
उसकी रौशनी मुझ तक 
आकर तेरा अहसास करायेगी 
अहसास कराने अपना तुम आओगे ना ????

कह दो एक बार 
तुम आओगे ना ????
तुम आओगे !!!!!

दीप्ति शर्मा

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Comment

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Comment by deepti sharma on January 22, 2013 at 10:40pm

आदरणीय अम्बरीश  जी और आदरणीय  आशीष जी बहुत बहुत शुक्रिया .. यूँ ही मार्गदर्शन करते रहें आभार ..

Comment by आशीष नैथानी 'सलिल' on January 6, 2013 at 12:42pm

मिलन की अजब तड़प लिए एक भावपूर्ण रचना। बहुत खूब|

Comment by Er. Ambarish Srivastava on October 15, 2012 at 7:13pm

//अकेलेपन में भींगी आँखों 
के आंसूओं को पोंछने 
जब तुम आओगे ना 
एक मुस्कान खिल जायेगी 
कुछ किस्से सुनने 
भटकती इस ज़िंदगी में 
मुझे अपना बनाने 
आरजुओं को जगाने तुम आओगे ना ????//

भावपूर्ण रचना .......बहुत बहुत बधाई !

Comment by deepti sharma on October 15, 2012 at 5:26pm

शुक्रिया आदरणीय सौरभ पाण्डेय  जी ... आपका बहुत बहुत आभार . मैं जरुर कोशिश करुँगी

Comment by deepti sharma on October 15, 2012 at 5:25pm

शुक्रिया आदरणीय नादिर खान जी ... आपका बहुत बहुत आभार


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Saurabh Pandey on October 11, 2012 at 2:47am

विह्वलता को शाब्दिक बनाना सरल नहीं है. आपके प्रयास को मेरी हार्दिक शुभकामनाएँ.

आप नवगीतों पर सार्थक प्रयास करें दीप्तिजी. परिणाम से आप, सच मानिये, स्वयं चौंक जायेंगीं.  शुभेच्छाएँ

Comment by नादिर ख़ान on October 9, 2012 at 5:11pm

बहुत ही उम्दा रचना दीप्ति जी

Comment by deepti sharma on September 2, 2012 at 12:09pm

आदरणीय दीपक शर्मा जी ... आदरणीय योगी सारस्वत जी .... आदरणीया रेखा  जी 

बहुत बहुत आभार ....यूँ ही मार्गदर्शन करते रहें शुक्रिया

Comment by deepti sharma on September 2, 2012 at 12:06pm

आदरणीय हरीश जी ... आदरणीय श्री राम  जी .... आदरणीय नवल किशोर सोनी जी 

बहुत बहुत आभार ....यूँ ही मार्गदर्शन करते रहें शुक्रिया

Comment by Rekha Joshi on August 28, 2012 at 7:31pm

अति सुंदर भाव दीप्ति जी ,हार्दिक बधाई 

कृपया ध्यान दे...

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