For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

शर्म का घाटा

मिलावट का एक और खुलासा
मिलावट खोरों को शर्म का घाटा
शहद में मीठा ज़हर मिलाया
जिसनें भी खाया वोह पछताया
देश की नामीं बारह कम्पनियों में से
ग्यारह के सैम्पल में पाया
जन्म से लेकर मृत्यु तक
शहद का होता है उपयोग
किसको पता था मिटेंगे नहीं
लग जाएँगे और भी रोग
रामदेव बाबा जी के शहद से लेकर
डाबर तक यह पाया गया
मीठे मीठे चटकारों से
हम सबको बहलाया गया
सूली पर लटका दो सबको
या फिर मार दो गोली
जिस जिसनें भी मिलावट की
यह गन्दी दुकान है खोली
मैं भी सोचूं इतना खाया
फिर भी हुआ न पतला
अब यह मेरी समझ में आया
क्या था बीच का घपला

दीपक शर्मा 'कुल्लुवी'
०९१३६२११४८६
१६/०९/२०१०.
खबर: १५.०९.२०१० को इण्डिया टी वी की खबर की 'देश की बारह नामीं ग्रामी शहद की कम्पनियों में से ग्यारह में खतरनाक मीठा ज़हर पाया गया

Views: 378

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online


मुख्य प्रबंधक
Comment by Er. Ganesh Jee "Bagi" on September 17, 2010 at 10:48pm
मैं भी सोचूं इतना खाया
फिर भी हुआ न पतला
अब यह मेरी समझ में आया
क्या था बीच का घपला,

हा हा हा हा , दीपक भईया, आप पतला हो या ना हो पर ये कंपनी वाले तो जरूर मोटे हो गये होंगे, समसामयिकी पर एक बेहतरीन रचना , बहुत खूब , ,
Comment by Deepak Sharma Kuluvi on September 17, 2010 at 3:02pm
SABHI KA DHANYABAAD JIKO RACHANA THEEK LAGE
Comment by आशीष यादव on September 17, 2010 at 1:54am
pranaam sir,
milaawat to ho hi gai hai har jagah. agar kahi aisa pakda gaya to hame bhi awagat karaeeyega.
waise rachna bahut hi umda hai.
Comment by Rash Bihari Ravi on September 16, 2010 at 5:59pm
namaskar sir barahwa co kaun hain uska bhi khulasa kar dijiye ki usko badhai diya ja sake

bahut badhia kavita
Comment by Deepak Sharma Kuluvi on September 16, 2010 at 5:38pm
THANK FOR YOUR APPROVAL

DEEPAK

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

आशीष यादव replied to आशीष यादव's discussion कइके हमके ब्लाॅक पिया ना ……..  (कजरी) in the group भोजपुरी साहित्य
"आदरणीय श्री अशोक कुमार जी इस कजरी पर टिप्पणी के लिए आपको बहुत बहुत धन्यवाद।  आज के परिवेश…"
Monday
Ashok Kumar Raktale replied to आशीष यादव's discussion कइके हमके ब्लाॅक पिया ना ……..  (कजरी) in the group भोजपुरी साहित्य
"आदरणीय आशीष यादव जी सादर, सावन की सुंदर और मधुर  फुहारों में यह कजरी की प्रस्तुति  बहुत…"
Monday
vijay nikore posted a blog post

सांकल मन के द्वार पर

सांकल मन के द्वार परजब-जब जहाँ कहीं फूल खिलेतुझे याद किया था हमने ... "क्या...तुम्हारे मन के द्वार…See More
Monday
आशीष यादव added a discussion to the group भोजपुरी साहित्य
Thumbnail

कइके हमके ब्लाॅक पिया ना ……..  (कजरी)

काहें सावन में देला अइसे शॉक पिया कइके हमके ब्लाॅक पिया ना …….. मनवा तोहके पुकारे नैना फोनवा…See More
Sunday
Ashok Kumar Raktale posted a blog post

हरिगीतिका छंद

  हरि नाम लो हरि नाम लो हरि, नाम लो  हरि नाम लो।यह नाम  ही  है  सत्य  मानव,  भोर लो नित शाम…See More
Jul 24
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post चौपाइयाँ
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी जी सादर,  चौपाइयों की इस प्रस्तुति पर उत्साहवर्धन के लिए आपका हृदय से…"
Jul 24
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post चौपाइयाँ
"आदरणीय सौरभ जी सादर प्रणाम, प्रस्तुत चौपाइयों की सराहना के लिए आपका हार्दिक आभार. जी !…"
Jul 24
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक - - - - शोखी

दोहा पंचक. . . . . शोखीशोख उमर की शोखियाँ, चंचल दृग संकेत ।भीगा यौवन मद भरा, दिल को करे अचेत…See More
Jul 21

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Ashok Kumar Raktale's blog post चौपाइयाँ
"आदरणीय अशोक भाईजी, वर्षा ऋतु, विशेषकर सावन मास, के नम क्षणों का रागात्मक वर्णन रोचक बन पड़ा है.…"
Jul 20
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Ashok Kumar Raktale's blog post चौपाइयाँ
"आ. भाई अशोक जी, सादर अभिवादन। पावस पर सुंदर चौपाइयों की रचना हुई है। हार्दिक बधाई।"
Jul 18
Ashok Kumar Raktale posted a blog post

चौपाइयाँ

दोहाबरखा के बढ़ते क़दम, आये  हैं  अब पास।दूर नहीं है साजना, सुरभित सावन मास।। चौपाईवह फुहार वह साथ…See More
Jul 14
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post बरसात
"  आदरणीय चेतन प्रकाश साहब सादर नमस्कार, यही तो मुख्य है विषय है इस रचना का. नदी नहीं उफ़नाई है.…"
Jul 14

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service