For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

रक्तदान के दोहे


प्यारे मित्रो ! आगामी 17 सितम्बर को तेरा पंथ युवक परिषद् ने द्वारा देश भर में रक्तदान का अभियान आयोजित किया है . एक लाख बोतल रक्त का लक्ष्य है ......उनके इस पुनीत कार्य के समर्थन में मैंने अहमदाबाद के संयोजक श्री सुनील वोहरा और अखिल भारतीय संयोजक श्री राजेश सुराणा के लिए कुछ दोहे लिखे हैं जो वे बैनर्स पर काम लेंगे.......आप भी पढ़ कर बताइये ..कैसे लगे ?

रक्तदान के दोहे

कतरा कतरा ख़ून का, जीवन की रसधार

ख़ून अपना दे कर करो, प्राणों का संचार


रक्त बिना नहिं जी सके, इक दिन भी इन्सान

रक्त से अपने कीजिये, यारों जीवन दान


रक्तदान इक फ़र्ज़ है, रक्तदान इक धर्म

रक्तदान है दोस्तो, सबसे पावन कर्म


मानवता के मंच से, कर दो यह ऐलान

समय समय पर हम सभी, रक्त करेंगे दान


तेरा पंथ युवक परिषद् का पावन अभियान

सत्रह सेप्टेम्बर को हमें , करना है रक्तदान


रक्तदान से रोक लो, मरणासन्न की मौत

घर घर में जलती रहे, सबकी जीवन जोत


धन्य धन्य वह कुल हुआ, धन्य हुआ इन्सान

जो औरों के वास्ते, करता शोणित दान


रक्त कहो, शोणित कहो, लहू कहो या ख़ून

सबका मतलब एक है, जीवन का हनिमून


रक्तदान आसान है, कठिन नहीं है यार

17 -09 के दिन हमें, रहना है तैयार


हँसते हँसते कीजिये, रक्तदान का काम

ताकि दुखियों को मिले, जीवन का आराम


रक्तदान की राह पर, निकला पूरा देश

सारे जग में भेज दो, भारत का सन्देश


ब्लड डोनेशन कीजिये, समय समय पर आप

मन में आये पुण्यता, तन होगा निष्पाप


किसी ज़रूरतमंद को, देकर अपना ख़ून

खूब खिलाओ जगत में, जीवन के परसून


सत्रह सेप्टेम्बर रहे, भैया सबको याद

रक्तदान उत्सव बने, प्रसरेगा आह्लाद


पल दो पल का काम है, रक्तदान श्रीमान

दिनचर्या में आएगा, नहिं तनिक व्यवधान


रक्तदान इक यज्ञ है, मानवता के नाम

आहूति अनमोल है, लगे न कोई दाम


-अलबेला खत्री

Views: 20148

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

Comment by लक्ष्मण रामानुज लडीवाला on September 7, 2012 at 4:52pm
ब्लड दान कीजिये, समय समय पर आप
मन में आये पुण्यता, तन होगा निष्पाप |
 
सुन्दर अति सुन्दर, बधाई -
तन होगा निष्पाप,स्वस्थ रहेंगे आप 
सौलह आने सत्य है अलबेला की बात |
Comment by Sajjan Kumar on September 7, 2012 at 1:11pm
बहुत बढ़िया अलबेला जी , रक्तदान को प्रेरित करती सुन्दर रचना !
बहुत-बहुत बधाई ! 
Comment by satish mapatpuri on September 7, 2012 at 1:35am

रक्तदान इक फ़र्ज़ है, रक्तदान इक धर्म

रक्तदान है दोस्तो, सबसे पावन कर्म

बहुत खूब ...... बहुत नेक ख्याल ......  परोपकारी सन्देश एवं आमंत्रण ..... बधाई हो खत्री साहेब

Comment by UMASHANKER MISHRA on September 6, 2012 at 10:33pm

इस पुनीत  पावन कार्य के लिए पूरी मानव जाति से मानव जाति के लिए

रक्त दान हेतु उत्प्रेरणा भरे आपके ये आह्लादित कविता पर हम गर्व करते है

इस पावन पर्व पर हर काबिल व्यक्ति को इस महादान में सहयोग  करना चाहिए

भाई अलबेला जी आपके इस आह्वान के लिए आपको बहुत बहुत धन्यवाद

इस पावन कार्य हेतु समर्पित तेरा पंथ युवक परिषद् को हार्दिक धन्यवाद

ईश्वर की अनुकम्पा सदैव आप के साथ हो ....यही कामना के साथ

आपका ..उमाशंकर मिश्रा दुर्ग छ.ग.

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-133 (विषय मुक्त)
"हाड़-मॉंस स्ट्रेट (लघुकथा) : "नेता जी ये क्या हमें बदबूदार सॅंकरी गलियों वाली बस्ती के दौरे…"
10 hours ago
Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-133 (विषय मुक्त)
"सादर नमस्कार आदरणीय मंच। इंतज़ार है साथियों की सार्थक रचनाओं का, सहभागिता का। हम भी हैं कोशिश में।"
11 hours ago
Admin posted a discussion

"ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-133 (विषय मुक्त)

आदरणीय साथियो,सादर नमन।."ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" में आप सभी का हार्दिक स्वागत है।प्रस्तुत…See More
Tuesday
Jaihind Raipuri replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-190
"इल्म गिरवी है अभी अपनी जहालत के लिए ढूँढ लो क़ौम नयी अब तो बग़ावत के लिए अब अगर नाक कटानी ही है हज़रत…"
Sunday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-190
"आ. रिचा जी, सादर अभिवादन। तरही मिसरे पर सुंदर गजल हुई है। गिरह भी खूब लगाई है। हार्दिक बधाई।"
Sunday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-190
"2122, 1122, 1122, 112/22 सर झुका देते हैं हम उसकी इबादत के लिए एक दिल चाहिए हमको तो मुहब्बत के…"
Saturday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-190
"सादर अभिवादन।"
Saturday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-190
"सर कोई जब न उठा सच की हिमायत के लिएकर्बला   साथ   चले   कौन …"
Saturday
Admin replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-190
" स्वागतम "
Apr 25
Admin posted a discussion

"ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-189

ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरे के 190 वें अंक में आपका हार्दिक स्वागत है | इस बार का मिसरा नौजवान शायर…See More
Apr 21
आशीष यादव posted a blog post

मशीनी मनुष्य

आज के समय में मनुष्य मशीन बनता जा रहा है या उसको मशीन बनने पर मजबूर किया जाता है. कारपोरेट जगत…See More
Apr 20
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 178 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव साहब, प्रस्तुत दोहों की सराहना हेतु आपका हार्दिक आभार। सादर"
Apr 19

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service