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ashutosh atharv
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bihar
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jehanabad
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ENGINEER
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BE FROM MNNIT ALLAHABAD, M.TECH FROM IIT DELHI, AUTHOR OF A BOOK PATLIDARSHAN, SECRETARY- BIHAR ENGINEERIN SERVICES ASSOCIATION

Ashutosh atharv's Blog

जिंदगी से मौत ही भली

जिन्दा हूँ इसलिए की कुछ और पाप कटे ,
वर्ना ये जिंदगी से मौत ही भली। 

मिल जाते हैं हर मोड़ पर दुआ सलाम वाले ,
खैर ख्वाहों की गिनती में रहती उंगलियाँ खाली।

हर कदम पे मेरे रोड़े बहुत मिले ,
काश उनको मैं पहचानता नहीं।

मैं भी जानता बहुत को इसी जिंदगी में ,
काश रोज रोजलोग बदलते नहीं। 

जिन्दा हूँ इसलिए की सभी पाप कटे
फिर ये जिंदगी मुझे गवारा नहीं।

Posted on December 30, 2012 at 6:30pm — 4 Comments

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