For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

MANINDER SINGH
  • LUDHIANA
  • India
Share

MANINDER SINGH's Friends

  • Rinki Raut
  • सुरेन्द्र नाथ सिंह 'कुशक्षत्रप'
  • Gurpreet Singh
  • योगराज प्रभाकर
 

MANINDER SINGH's Page

Profile Information

Gender
Male
City State
mani786inder@gmail.com
Native Place
hapur
Profession
shopkeeper
About me
i am interested in poetry like gazal

MANINDER SINGH's Photos

  • Add Photos
  • View All

MANINDER SINGH's Blog

ग़ज़ल कर गये तुम बात दिल की आज महफ़िल में मेरी

२१२२ २१२२ २१२२ २१२

कर गये तुम बात दिल की आज महफ़िल में मेरी |

कह गये तुम हमसफ़र सब राज महफ़िल में मेरी ||



था मुझे इंतज़ार कब से तेरे इस इजहार का |

इश्क का है छेड़ा तुमने साज महफ़िल में मेरी ||



तुम बसाये थे तड़प आँखों में दिल की हमनवां |

तोड़ दी तेरी तड़प ने हर लाज महफ़िल में मेरी ||



थे लबो पर कब से चाहत सी लिये तुम कहने की |

आज दी तुमने मुझे आवाज़ महफ़िल में मेरी ||



देखता तुझ को जमाना दीवाना सा कह मेरा |

जब "मनी" तूने…

Continue

Posted on April 27, 2017 at 12:30pm — 8 Comments

Comment Wall

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

  • No comments yet!
 
 
 

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

अजय गुप्ता replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 86 in the group चित्र से काव्य तक
"शुक्रिया प्रतिभा जी"
8 minutes ago
अजय गुप्ता replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 86 in the group चित्र से काव्य तक
"शुक्रिया बबिता जी"
10 minutes ago
अजय गुप्ता replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 86 in the group चित्र से काव्य तक
"आपका कहना दुरुस्त है। लेकिन हिंदी में स्वाद, से, सीन सबका उच्चारण स ही है। न ही इसके साथ ग़ की तरह…"
10 minutes ago
अजय गुप्ता replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 86 in the group चित्र से काव्य तक
"बढ़िया प्रस्तुति"
13 minutes ago
अजय गुप्ता replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 86 in the group चित्र से काव्य तक
"अति सुंदर, भावपूर्ण, सन्देशपरक और विषयान्तर्गत सटीक रचना।"
15 minutes ago
Shyam Narain Verma commented on बृजेश कुमार 'ब्रज''s blog post लघुकथा-पराकाष्ठा
"बहुत बढ़िया कहानी , हार्दिक बधाई आपको"
55 minutes ago
Shyam Narain Verma commented on Mahendra Kumar's blog post मानव सभ्यता का इतिहास (लघुकथा)
" प्रभापूर्ण सुंदर लघु कथा के  लिए बधाई "
1 hour ago
Shyam Narain Verma commented on SudhenduOjha's blog post कर नेकी दरिया में डाल
"बहुत सुन्दर और सार्थक प्रस्तुति , बधाई आप को | सादर "
1 hour ago
SudhenduOjha posted a blog post

कर नेकी दरिया में डाल

है धुआँ-धक्कड़ और बवालचेहरे-चेहरे लिक्खे सवालकर नेकी दरिया में डाल बाबा खेल-खिलांवे भइय्यानाचे…See More
1 hour ago
Tasdiq Ahmed Khan replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 86 in the group चित्र से काव्य तक
"जनाब सतीश साहिब , प्रदत्त चित्र पर सुंदर चौपई छंद हुए हैं मुबारकबाद क़ुबुल फरमाएं | छंद 2_ पंक्ति…"
1 hour ago
Tasdiq Ahmed Khan replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 86 in the group चित्र से काव्य तक
"जनाब सत्यनारायण साहिब   , प्रदत्त चित्र को परिभाषित करते सुंदर शक्ति छंद हुए हैं…"
1 hour ago
Tasdiq Ahmed Khan replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 86 in the group चित्र से काव्य तक
"मुह तरमा प्रतिभा साहिबा, छन्दों पर आपकी सुंदर और ज़बर्दस्त प्रतिक्रिया और हौसला अफज़ाई का बहुत बहुत…"
1 hour ago

© 2018   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service