For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

जितेन्द्र पस्टारिया's Discussions (963)

Discussions Replied To (60) Replies Latest Activity

"सिखलाती हैं चींटियाँ, देती हम को ज्ञान।   यह जीवन रणभूमि है, भागो मत इंसान॥     एक स…"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Nov 23, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 32 (Now Closed)

670 Nov 25, 2013
Reply by Er. Ganesh Jee "Bagi"

"जहाँ समान एकता सदा ख़ुशी वहाँ मिले जहाँ नहीं समानता समीपता कहाँ मिले कड़ी कड़ी जड़े जहां…"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Nov 23, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 32 (Now Closed)

670 Nov 25, 2013
Reply by Er. Ganesh Jee "Bagi"

"झेले लाख मुसीबतें, रुके नहीं संसार बारिश हो भूचाल हो, चलते कारोबार चलते कारोबार, पेट…"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Oct 21, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 31

706 Oct 22, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"छन्न पकैया छन्न पकैया, कुदरत भी है न्यारी कहीं चटकती जल बिन धरती, कहीं बाढ़ है भारी |…"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Oct 21, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 31

706 Oct 22, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"“जनहितकारी काम किये हैं” , सदा पीटते रहते ढोल | पहली बारिश हुई नहीं है,खुली व्यवस्था…"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Oct 21, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 31

706 Oct 22, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"चाहे जहाँ नहाइये , दाढ़ी लो कटवाय घुटनों पानी में खड़ा, नाई करे उपाय यह दोहा बहुत पसं…"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Oct 21, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 31

706 Oct 22, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"बहुत बढ़िया रचना, विषयानुकुल हरिगीतिका छंद, बधाई स्वीकारें आदरणीय रमेश जी"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Oct 21, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 31

706 Oct 22, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"काम करे हज्जाम ,कमाई होगी गाढ़ी दूल्हा है जिजमान ,बनाता उसकी दाढ़ी बहुत खूब, सुंदर रच…"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Oct 21, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 31

706 Oct 22, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"गांव गली में घूमता, पेटी ले हज्जाम। जल बरसे, ओला गिरे, करना होगा काम ॥ यह दोहा बहुत…"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Oct 21, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 31

706 Oct 22, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"बहुत सुंदर दोहावली, हार्दिक बधाई आदरनिया कल्पना जी"

जितेन्द्र पस्टारिया replied Oct 21, 2013 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक - 31

706 Oct 22, 2013
Reply by Saurabh Pandey

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Sushil Sarna posted a blog post

असली - नकली. . . .

असली -नकली . . . .सोच समझ कर पुष्प पर, अलि होना आसक्त ।नकली इस मकरंद पर  , प्रेम न करना व्यक्त…See More
11 hours ago
अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी commented on Ashok Kumar Raktale's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय अशोक कुमार रक्ताले जी आदाब, अच्छी ग़ज़ल हुई है बधाई स्वीकार करें,…"
15 hours ago
अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी commented on अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी's blog post ग़ज़ल (...महफ़ूज़ है)
"आदरणीय सुधीजन पाठकों ग़ज़ल के छठवें शे'र में आया शब्द "ज़र्फ़मंदों" को कृपया…"
20 hours ago
अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी commented on अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी's blog post ग़ज़ल (उठाओ जितनी भी चाहे क़सम ज़माने की)
"पुन: आगमन पर आपका धन्यवाद। "
21 hours ago
अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी posted a blog post

ग़ज़ल (...महफ़ूज़ है)

2122 - 2122 - 2122 - 212वो जो हम से कह चुके वो हर बयाँ महफ़ूज़ हैदास्तान-ए-ग़ीबत-ए-कौन-ओ-मकाँ…See More
21 hours ago
Manan Kumar singh commented on Manan Kumar singh's blog post रूप(लघुकथा)
"आदरणीय महेंद्र जी, लघुकथा को आपने इज्जत बख्शी। आपका शुक्रिया। "
21 hours ago
Mahendra Kumar commented on Manan Kumar singh's blog post रूप(लघुकथा)
"व्यक्ति के कई रूप होते हैं। इस बात को रेखांकित करती हुई अच्छी लघुकथा लिखी है आपने आ. मनन जी।…"
22 hours ago
Mahendra Kumar commented on अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी's blog post ग़ज़ल (उठाओ जितनी भी चाहे क़सम ज़माने की)
"कोई बात नहीं। रचना पर अन्तिम निर्णय लेखक का ही होता। एक बार पुनः बधाई। "
23 hours ago
अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी commented on अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी's blog post ग़ज़ल (उठाओ जितनी भी चाहे क़सम ज़माने की)
"आदरणीय महेंद्र कुमार जी आदाब, ग़ज़ल पर आपकी आमद और ज़र्रा नवाज़ी का तह-ए-दिल से शुक्रिया, जनाब…"
23 hours ago
Mahendra Kumar commented on धर्मेन्द्र कुमार सिंह's blog post मरती हुई नदी (नवगीत)
"पर्यावरणीय चिन्ताओं पर बढ़िया नवगीत लिखा है आपने आ. धर्मेन्द्र जी। हार्दिक बधाई स्वीकार कीजिए। कृपया…"
yesterday
Mahendra Kumar commented on अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी's blog post ग़ज़ल (उठाओ जितनी भी चाहे क़सम ज़माने की)
"वैसे दूसरा शेर बेहतर हो सकता है।"
yesterday
Mahendra Kumar commented on अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी's blog post ग़ज़ल (उठाओ जितनी भी चाहे क़सम ज़माने की)
"अच्छी ग़ज़ल हुई है आ. अमीरुद्दीन जी। हार्दिक बधाई प्रेषित है। "
yesterday

© 2022   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service