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डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव's Discussions (3,041)

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"अच्छे सज्जा दी है आपने  अंतिम वाक्य लघ्कथा के लिहाजसे अनावश्यक है और वह कथा के प्रवा…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"aअ० चंद्रेश जी / बढ़िया कथा  है / अति भावुकता भी है / दुनिया में सभी जगह न्याय स्बूतो…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"माँ -बाप तभी तक रेलीवेंट हैं  जब तक वे उर्वर  हैं .  उर्वरता खोते ही वे बन जाते हैं…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"आ० कांता  रॉय जी ----माँ -बाप की फ़िक्र  करता ही कौन है . सब बच्चे युवा , उन्केसपने य…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"आ० सतविंदर जी -----आपने यथार्थवादी  सुन्दर रचना  प्रस्तुत  की . सार्थक कथा . सादर. "

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"आदरणीया , यह मेरी असमर्थता कि  मैं इस कहानी को ठीक से समझ नहीं पाया  I माँ  के गर्भ…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"आ०  शशिजी --अच्छी कथा कही आपने "

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"आ० शेख शहजाद उस्मानी जी / आपकी  यह रचना अच्छी  है  पर नवांकुर जब तना बन  गया तो  वह…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"अच्छी  कथा है आदरणीया . भाषा और संवाद भी संयत हैं . सुन्दर . "

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

"अगला दिन लघु कथा में नहीं होता आदरणीय  पर कथा में इस दोष को सुधारने की गुंजाईश  है आ…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Dec 30, 2015 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-9 (विषय: आकांक्षा)

1218 Jan 1, 2016
Reply by नयना(आरती)कानिटकर

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