देवी जी, नमस्कार..........मुझे आपकी किताब पढने का अवसर मिला है। मेर गुरू जी के पास आपकी पुस्तक मिली थी। श्री सत्य प्रकाश तफ्ता जी के पास, मुझे उनसे ही ग़ज़ल सिखने का मौका मिला है।
1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे
2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |
3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |
Devi Nangrani's Comments
Comment Wall (6 comments)
You need to be a member of Open Books Online to add comments!
Join Open Books Online
if i could have your book, i would feel lucky.
Khan Hasnain Aaqib
देवी जी, नमस्कार..........मुझे आपकी किताब पढने का अवसर मिला है। मेर गुरू जी के पास आपकी पुस्तक मिली थी। श्री सत्य प्रकाश तफ्ता जी के पास, मुझे उनसे ही ग़ज़ल सिखने का मौका मिला है।
मुख्य प्रबंधकEr. Ganesh Jee "Bagi" said…

अपने मित्रो और परिचितों को ओपन बुक्स ऑनलाइन से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक करे...Welcome to
Open Books Online
Sign Up
or Sign In
कृपया ध्यान दे...
आवश्यक सूचना:-
1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे
2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |
3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |
4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)
5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |
6-Download OBO Android App Here
हिन्दी टाइप
देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...
साधन - 1
साधन - 2
Latest Blogs
दोहा सप्तक. . . .मंच
रहना हो भारत में जिंदा, चुप रहिए (ग़ज़ल)
दास्तां
समय
माँ
बहुत सोचती हैं क्यों ये औरतें
गन्ने की खोई
मशीनी मनुष्य
गर्भनाल कब कट पाती है किसी की
प्यार का पतझड़
दोहा दशम. . . . . उम्र
कुंडलिया
प्यादे मान लिये जाते हैं मात्र एक संख्या भर
दोहा सप्तक. . . .विविध
दोहा पंचक. . . . .अधर
आत्म मुग्ध मदारी
भ्रम सिर्फ बारी का है
निर्वाण नहीं हीं चाहिए
दोहा सप्तक. . . .युद्ध
वो समझते हैं मस्ख़रा दिल हैं
Latest Activity
सदस्य टीम प्रबंधनSaurabh Pandey replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
सदस्य टीम प्रबंधनSaurabh Pandey replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
दोहा सप्तक. . . .मंच