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"चित्र से काव्य तक" प्रतियोगिता के नियमों में कुछ महत्वपूर्ण संशोधन

आदरणीय साथियों,

जैसा कि आप सभी को ज्ञात है कि पूर्व में "चित्र से काव्य तक" प्रतियोगिता में निर्णायक की भूमिका पिछले अंक के विजेता सदस्यों द्वारा  निभाई जाती थी. किन्तु ओ बी ओ प्रबंधन द्वारा "चित्र से काव्य तक" प्रतियोगिता, अंक 14 से निम्नलिखित परिवर्तन किये जा रहे हैं :

१. अब प्रतियोगिता के विजेताओं का चुनाव एक स्थाई निर्णायक मंडल द्वारा किया जायेगा | इस हेतु श्री योगराज प्रभाकर, प्रधान संपादक जी की अध्यक्षता में निम्नलिखित तीन सदस्यीय निर्णायक मंडल का गठन किया गया है :

श्री अम्बरीष श्रीवास्तव, सदस्य
श्री सौरभ पाण्डेय, सदस्य
श्री संजय मिश्रा "हबीब", सदस्य


यूँ तो निर्णायक मंडल के सदस्यों का निर्णय अंतिम होगा किन्तु अनिर्णय की अवस्था में अध्यक्ष का निर्णय ही सर्वमान्य होगा |

२. पूर्व अंक के विजेताओं की रचनाएँ तुरंत बाद के अंक हेतु प्रतियोगिता से बाहर होगी, किन्तु उसके बाद उनकी रचनाएँ प्रतियोगिता में सम्मलित हो सकेंगी | उदाहरण स्वरुप यदि सदस्य अ,ब,स की रचनाएँ अंक १३ में पुरस्कृत हैं तो उनकी रचनाएँ अंक १४ में "प्रतियोगिता से अलग" होंगी किन्तु अंक १५ में वे सदस्य अपनी रचनाओं को प्रतियोगिता हेतु शामिल कर सकेंगे |


३. प्रतियोगिता हेतु पोस्ट रचनाओं में सबसे ऊपर छंद का नाम अवश्य लिखना होगा अन्यथा पुरस्कार हेतु निर्णायक मंडल उसपर विचार नहीं करेगा, प्रबंधन दल के द्वारा ऐसी रचनाओं को डिलीट भी किया जा सकता हैं |

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Replies to This Discussion

आदरणीय एडमिन का उक्त निर्णय अत्यंत सराहनीय,प्रभावी व स्थायी है,जिसका हम हार्दिक स्वागत करते हैं।
एडमिन को एक सुझाव है कि स्थायी समिति के साथ क्या एक अस्थायी समिति भी रखना उचित नहीं होगा?इससे निर्णय में लोकतंत्रात्मक भावना और भी विकसित होगी।
सादर।

एक अस्थायी समिति !
यह समिति क्या करेगी भाई  ?

जैसाकि पूर्व में प्रतियोगिता के विजेता प्रतिभागी भी निर्णय में सम्मिलित होते थे तो वे हो सकेंगे,उनकी गरिमा बनी रहेगी।उनका हौसला हतोत्साहित नहीं होगा,और एक कारण जो मैंने बताया है लोकतंत्रात्मक भावना भी बनी रहेगी।

विन्ध्येश्वरी जी, अस्थाई समिति बनाने का कोई औचित्य नहीं है, निर्णायक मंडल में एक अध्यक्ष और तीन सदस्यों का होना लोकतान्त्रिक तरीके को ही इंगित करता है ।

प्रतियोगिता की शुरुआत होने के बाद से इसके प्रारूप में कई बदलाव किये जा चुके थे इसलिए यह बदलाव भी आवश्यक था
उचित समय पर उचित परिवर्तन के लिए प्रबंधन समिति को हार्दिक बधाई व आभार |

अम्बरीश जी उक्त सुधार सराहनीय हैं .एवं प्रतियोगिता की सूचना समय पर आप देते हैं मेल द्वारा .धन्यवाद 

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