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बहुत दिनों से मन में यह बात कचोटती है. पिछले कुछ दिनों में अंतर्जाल(इन्टरनेट) पर हिंदी के प्रयोग में बेहिसाब वृद्धि हुई है. ये भविष्य में हिंदी भाषी एवं हिंदी में लिखने वालों के लिए शुभ संकेत है. परन्तु कहीं ना कहीं शुद्ध हिंदी टाइपिंग एक विकट समस्या है. अमूमन यह दिखाई देता है कि लोग मात्राओं की त्रुटियाँ करते हैं. यह बात वैसे ही समझी जा सकती है जैसे कि आप दाल खा रहे हों और आपके मुंह में कंकड़ आ जाये. थोडा सा ध्यान देकर एवं थोडा अध्ययन करके इस समस्या से निजात पाई जा सकती है. आज शायद ही कोई वेब साईट ऐसी हो जहां पर ऐसी त्रुटियाँ ना मिले. मैं चाहता हूँ कि ओपन बुक ऑनललाइन इन त्रुटियों को दूर करने में प्रथम हो. इसके लिए सभी मेम्बर्स के साथ साथ इसके नियंत्रक की भी नज़रेसानी की दरकार है. कोई भी रचना/लेख पोस्ट करने से पूर्व प्रूफ रीडिंग अवश्य करें. यदि फिर भी कोई त्रुटि हो तो फीचर करने से पहले नियंत्रक महोदय भी सुधार कर सकते हैं. यदि ऐसा होगा तो पाठक को अलग ही आनंद की अनुभूति होगी. इस विषय पर अपनी राय अवश्य दें........
_________.धन्यवाद

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मैं आपकी बात से पूरी तरह सहमत हैं मित्र, लेकिन अगर पोस्ट करने से पहले खुद स्वॅम एक बार अपनी लिखी हुई रचना को एक बार यह ध्यान मैं रखते हुए पढ़ लिया जाय कि कहीं कोई मात्रा आदि की अशुद्धि तो नही रह गयी हैं तो फिर इस तरह की छोटी छोटी समस्याओं पर सबका समय व्यर्थ नही जाएगा मेरे हिसाब से पोस्ट करने से पहले अच्छी तरह से चैक करना ही सरल व सीधा उपाय हैं |

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