For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Rana Pratap Singh's Discussions (2,359)

Discussions Replied To (2014) Replies Latest Activity

"तरक्की की पतंगों से फसा के आसमाँ खींचा जमीं ये दूर थी वरना फलक की बाम से पहले लाजवा…"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"हवा का देख लेते रुख सफीने गर चलाने थे इशारों को समझ लेते किसी अंजाम से पहले ठहर जाओ…"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"रुसवाई का ई गिराकर पढ़िए|"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"अरुण जी बहुत खूब ...एकदम से भक्ति रस में सराबोर कर दिया| गिरह का शेर भी नायाब है ...…"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"आदरणीया शालिनी जी अच्छी ग़ज़ल हुई है खासकर अंतिम शेर बेजोड़ बन पडा है| गिरह के शेर में…"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"आदरणीया सरिता जी सुन्दर प्रयास के लिए ढेर सारी शुभकामनाएं|"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"जीतेन्द्र जी ख़ूबसूरत अशआर हुए हैं| मतले की तकतीई लिखने की कोई आवश्यकता नहीं थी ..आप…"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"आदरणीय तिलक जी ख़ूबसूरत ग़ज़ल के लिए हार्दिक बधाई स्वीकारें|"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"आपने एहतराम को २२२१ में बाँध लिया है जबकि इसका सही वज्न २१२१ होना चाहिए|"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

"आदरणीया कल्पना जी  बहुत सुन्दर शेर पेश किये हैं ..मतला अत्यंत सुन्दर और सुगठित है ..…"

Rana Pratap Singh replied Sep 28, 2013 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-39 (Now closed)

1230 Sep 29, 2013
Reply by Saurabh Pandey

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन के भावों को मान देने का दिल से आभार आदरणीय "
1 hour ago
Chetan Prakash replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ.लक्ष्मणसिह धानी, 'मुसाफिर' साहब  खूबसूरत विषयान्तर ग़ज़ल हुई  ! हार्दिक …"
3 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई चेतन जी, सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर मुक्तक हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
3 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
5 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर गजल हुई है। हार्दिक बधाई।"
11 hours ago
Jaihind Raipuri replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"ग़ज़ल   बह्र ए मीर लगता था दिन रात सुनेगा सब के दिल की बात सुनेगा अपने जैसा लगता था…"
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

हरकत हमें तो वैद की रखती तनाव में -लक्ष्मण धामी 'मुसफिर'

बदला ही राजनीति के अब है स्वभाव में आये कमी कहाँ  से  कहो  फिर दुराव में।१। * अवसर समानता का कहे…See More
yesterday
Chetan Prakash replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
" दोहा मुक्तक :  हिम्मत यदि करके कहूँ, उनसे दिल की बात  कि आज चौदह फरवरी, करो प्यार…"
yesterday
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"दोहा एकादश. . . . . दिल दिल से दिल की कीजिये, दिल वाली वो बात । बीत न जाए व्यर्थ के, संवादों में…"
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"गजल*****करता है कौन दिल से भला दिल की बात अबबनती कहाँ है दिल की दवा दिल की बात अब।१।*इक दौर वो…"
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"सादर अभिवादन।"
yesterday
Admin replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"स्वागतम"
yesterday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service