For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

UMASHANKER MISHRA's Discussions (986)

Discussions Replied To (669) Replies Latest Activity

"लस्सी पीने वालों ने, अब  व्हिस्की मुँह लगाई है तन-मन के दुःख दूर हुए, ज़ेहन पर मस्ती…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

"सोंधी सोंधी माटी से महकी महकी पुरवाई है। सावन भीगा भीगा है काली बदली भी छाई है॥ बहकी…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

"क्या बात है संजय सर जी इस छोटी सी गज़ल में रसधार बहा दिया है आपने माहे पूनम पे ज़ुल्फो…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

"यहाँ वहाँ हैं चोर लुटेरे , सब मौसेरे भाई हैं बच के रहना भोलेभाले , तेरी शामत आई है.आ…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

"इन्सानों का भाव गिर गया, राशन में महंगाई है किससे पूछूं हिन्द में ऐसी नौबत क्योंकर आ…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

"सूनापन है,   सन्नाटा है,   तल्खी है,   तन्हाई है ऐसे में क्या ख़बर कहाँ से ग़ज़ल उतर…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

"आदरणीय तिलक राज जी क्या गजल परोसा है एक एक लाईन गहरी पैठ लिए हुवे है बहुत अच्छे ढंग…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

"नील गगन में उड़ता पंछी घबरा कर यह सोंच रहा, पूछे कौन समंदर से तुझमें कितनी गहराई है||…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

"गज़ल पर पहली बार कलम चला रहा हूँ, इस विश्वास के कि ओबीओ में सभी अपने ही साथी है, शुभच…"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - २४ (Now Closed)

862 Jul 1, 2012
Reply by अरुण कुमार निगम

प्रधान संपादक

"आदरणीय आपका अनुरोध सर आँखों पर -भविष्य में ध्यान रखूँगा"

UMASHANKER MISHRA replied Jun 26, 2012 to रचनाकारों से सादर अनुरोध

17 Jul 6, 2012
Reply by aashukavi neeraj awasthi

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

आशीष यादव replied to आशीष यादव's discussion कइके हमके ब्लाॅक पिया ना ……..  (कजरी) in the group भोजपुरी साहित्य
"आदरणीय श्री अशोक कुमार जी इस कजरी पर टिप्पणी के लिए आपको बहुत बहुत धन्यवाद।  आज के परिवेश…"
yesterday
Ashok Kumar Raktale replied to आशीष यादव's discussion कइके हमके ब्लाॅक पिया ना ……..  (कजरी) in the group भोजपुरी साहित्य
"आदरणीय आशीष यादव जी सादर, सावन की सुंदर और मधुर  फुहारों में यह कजरी की प्रस्तुति  बहुत…"
yesterday
vijay nikore posted a blog post

सांकल मन के द्वार पर

सांकल मन के द्वार परजब-जब जहाँ कहीं फूल खिलेतुझे याद किया था हमने ... "क्या...तुम्हारे मन के द्वार…See More
yesterday
आशीष यादव added a discussion to the group भोजपुरी साहित्य
Thumbnail

कइके हमके ब्लाॅक पिया ना ……..  (कजरी)

काहें सावन में देला अइसे शॉक पिया कइके हमके ब्लाॅक पिया ना …….. मनवा तोहके पुकारे नैना फोनवा…See More
Sunday
Ashok Kumar Raktale posted a blog post

हरिगीतिका छंद

  हरि नाम लो हरि नाम लो हरि, नाम लो  हरि नाम लो।यह नाम  ही  है  सत्य  मानव,  भोर लो नित शाम…See More
Friday
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post चौपाइयाँ
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी जी सादर,  चौपाइयों की इस प्रस्तुति पर उत्साहवर्धन के लिए आपका हृदय से…"
Friday
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post चौपाइयाँ
"आदरणीय सौरभ जी सादर प्रणाम, प्रस्तुत चौपाइयों की सराहना के लिए आपका हार्दिक आभार. जी !…"
Friday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक - - - - शोखी

दोहा पंचक. . . . . शोखीशोख उमर की शोखियाँ, चंचल दृग संकेत ।भीगा यौवन मद भरा, दिल को करे अचेत…See More
Jul 21

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Ashok Kumar Raktale's blog post चौपाइयाँ
"आदरणीय अशोक भाईजी, वर्षा ऋतु, विशेषकर सावन मास, के नम क्षणों का रागात्मक वर्णन रोचक बन पड़ा है.…"
Jul 20
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Ashok Kumar Raktale's blog post चौपाइयाँ
"आ. भाई अशोक जी, सादर अभिवादन। पावस पर सुंदर चौपाइयों की रचना हुई है। हार्दिक बधाई।"
Jul 18
Ashok Kumar Raktale posted a blog post

चौपाइयाँ

दोहाबरखा के बढ़ते क़दम, आये  हैं  अब पास।दूर नहीं है साजना, सुरभित सावन मास।। चौपाईवह फुहार वह साथ…See More
Jul 14
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post बरसात
"  आदरणीय चेतन प्रकाश साहब सादर नमस्कार, यही तो मुख्य है विषय है इस रचना का. नदी नहीं उफ़नाई है.…"
Jul 14

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service