For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Gurpreet Singh jammu's Discussions (463)

Discussions Replied To (463) Replies Latest Activity

"सर जी बहुत शुक्रिया..जो मैं इस शेअर में कहना चाह रहा था लेकिन कह नहीं पाया, आप ने इत…"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"जी सर समझ गया ,, बहुत बहुत शुक्रिया "

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"एक और विनती है सर कि आखरी शेअर में कृपया बताइएगा कि क्या इज़ाफ़त सही लगीं है दोनों मिस…"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"आदरणीय नीलेश जी सर्वप्रथम आपका बहुत बहुत शुक्रिया की आपने ग़ज़ल की कमियों की तरफ इशारा…"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"आदरणीय समर कबीर जी हमेशा की तरह लाजवाव गज़ल कही है आपने. वाह वाह क्या शेअर हुए हैं. द…"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"वह वाह भुवन जी क्या शानदार गज़ल है..हरेक शेअर असरदार.हरेक शेअर मुककमल है..बहुत अच्छी…"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"बहुत बढ़िया गज़ल है आपकी आदरणीय सुरेन्द्र नाथ जी. मतला बहुत ही पसंद आया. बाप माँ का था…"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"बहुत अच्छी प्रस्तुति आदरणीय गंगाधर जी"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"आदरणीय अशफाक अली जी बहुत खूबसूरत गज़ल कही है आपने.. जो रवायत छोड़कर अजदाद मेरे जा चु…"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

"वाह वाह नीलेश सर जी हमेशा की तरह शानदार गज़ल कही है आपने. लफ्ज़-ए-क़ातिल आज के इस दौर…"

Gurpreet Singh jammu replied Mar 24, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-81

602 Mar 25, 2017
Reply by भुवन निस्तेज

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . . संयोग शृंगार

दोहा पंचक. . . .संयोग शृंगारअभिसारों के वेग में, बंध हुए निर्बंध । मौन सभी खंडित हुए, शेष रही…See More
18 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२ ****** घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये उघड़े  शरीर  आप  ही  सम्मान  हो गये।१। *…See More
Saturday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Friday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"क्षमा कीजियेगा 'मुसाफ़िर' जी "
Thursday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी 'मुसफ़िर' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला आपकी…"
Thursday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। सुंदर गजल हुई है। भाई रवि जी की सलाह से यह और निखर गयी है । हार्दिक…"
Thursday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"ग़ज़ल 2122   1212  22 आ कभी देख तो ले फ़ुर्सत में क्या से क्या हो गए महब्बत में मैं…"
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत - भैंस उसी की जिसकी लाठी // सौरभ
"  आपका हार्दिक धन्यवाद, आदरणीय लक्ष्मण धामी ’मुसाफिर’ जी   "
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Sushil Sarna's blog post दोहा एकादश. . . . . पतंग
"आदरणीय सुशील सरनाजी, पतंग को लगायत दोहावलि के लिए हार्दिक बधाई  सुघड़ हाथ में डोर तो,…"
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय रवि भसीन 'शहीद' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला ग़ज़ल तक आए और हौसला…"
Wednesday
Sushil Sarna posted blog posts
Tuesday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service