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ओपन बुक्स ऑनलाइन पे आपका स्वागत हैं ,

ओपन बुक्स ऑनलाइन पे आपका स्वागत हैं ,
ओपन बुक्स ऑनलाइन तो आप का अपना घर है ,
सुबह से साम तक रहता आपका इंतजार हैं ,
ओपन बुक्स ऑनलाइन पे आपका स्वागत हैं ,
गजले योगराज प्रभाकर, आशा पाण्डेय, अलीम के ,
इनका भी जबाब कहा भाई विवेक, सतीश मपतपुरी हैं ,
आइये ओपन बुक्स ऑनलाइन पे आपका स्वागत हैं ,
कविता पे राज करे बहन रजनी छाबरा ,
संग राजू की रचना बिरेश, अर्पण की मस्ती हैं,
आइये ओपन बुक्स ऑनलाइन पे आपका स्वागत हैं ,
लेख रतनेश और अभिषेक , अमरेंदर की
बिजय पाठक सजग हैं संग में प्रीतम जी ,
गणेश जी की और बात गुरु नत मस्तक हैं ,
ओपन बुक्स ऑनलाइन पे आपका स्वागत हैं ,

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मुख्य प्रबंधक
Comment by Er. Ganesh Jee "Bagi" on May 13, 2010 at 8:48pm
waah bhai waah , Guru jee to lag raha hai ab flow mey aa gayey hai,Yograj bhaiya key shabd mey "Spark" ab teji sey ho raha hai, badhiya likha hai guru jee,
Jai hooooooooooooo
Comment by Admin on May 13, 2010 at 6:08pm
बहुत बढ़िया कविता लिखे है गुरु जी, आप ने तो ओपन बुक्स परिवार के बारे मे सब कुछ लिख दिया है चंद शब्दों मे , बहुत ही सुंदर कविता बनाये है, सबका मन आप ने जीत लिया है,पर एक बेचारा ADMIN के बारे मे कुछ भी नहीं लिखा, खैर कोई बात नहीं अब आप के अगले कविता का इन्तजार रहेगा, शायद उसमे ADMIN को कुछ जगह मिल जाय, धन्यवाद गुरु जी, सचमे आप गुरु है,
Comment by Ratnesh Raman Pathak on May 13, 2010 at 5:38pm
guru jee ab mujhe samajh me nahi aaraha hai ki kaise aapko sukriya ada karu,aur kaise dhanywad kahu.jo sabd uthata hu aapko bhet karne ke liye wo aapke samne chhoti ho ja rahi hai. ek kahwat hai............कौन कहता है की आस्मा मे सुराख नही हो सकता !
एक पत्थर तो तबीयत से उच्छलो यारो !!
sachmuch me aapne surakh kar diya hai aasman me ,aapne wo kaam kiya hai jo har koi nahi kar sakta ,aur us kaam ka naam hai -------------openbooks pariwar ka dil jitna ,jo aapne kuchh sabdo me hi jeet liya.............bahut bahut dhanyawad
Comment by PREETAM TIWARY(PREET) on May 13, 2010 at 4:14pm
waah guru jee....swagat karne ka ye naya tareeka bahut hi lajawab hai .....aapka koi zor nahi hai guru jee aap bezoor hain......
sat sat naman hai aapko guru jee...............
bahut bahut dhanyabaad...................

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