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नादिर ख़ान's Discussions (1,566)

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"अश्क पीता हूँ मुस्कुरा कर मैं! ये सलीक़ा भी आ गया है मुझे!! उसका मश्कूर हूँ तहे दिल…"

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"सराहनीय कोशिश हुयी है आदरणीय मनन कुमार साहब .....आपसे और बेहतर की उम्मीद है । "

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"आदरणीय नीलेश जी शानदार अलग अंदाज़ मे व्यंग के बाण चलाये है आपने .... खून में उस कुटि…"

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"जह्र अपना पिला गया है मुझे चापलूसी सिखा गया है मुझे   कत्ल करना तो शौक है उसका और का…"

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"परम आदरणीय समर साहब जानकारी देने के लिए शुक्रिया ....."

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"एक और शानदार पेशकश के लिए मुबारकबाद जनाब समर साहब एक बात जाननी थी ...."आफ़ियत है इसी…"

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"जनाब आरिफ़ साहब खूबसूरत अशआर हुये है मुबारकबाद कूबूल करें ।"

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"जनाब मिर्ज़ा जावेद  साहब पिछले कुछ आयोजनों से आपकी गज़ल पढ़ने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आप…"

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"अनोखी लाजवाब प्रस्तुति जनाब समर साहब आपकी सोच और मेहनत को सलाम .......शानदार रचना कर…"

नादिर ख़ान replied Oct 20, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

"सोच में अब भी तेरी जकड़न है इस क़दर तू दबा गया है मुझे  जनाब राज साहब उम्दा गज़ल के लि…"

नादिर ख़ान replied Oct 19, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-100 (भाग-1)

2001 Oct 21, 2018
Reply by Afroz 'sahr'

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"यह मेरी बेध्यानी का परिणाम है, मुझे और सतर्क रहना पड़ेगा। "
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"यह तो ऋचा जी की ग़ज़ल पर कहा था, यहॉं न जाने कैसे चिपक गया। आपकी ग़ज़ल अभी पढ़ी नहीं है।"
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Tilak Raj Kapoor replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-189
"मुझे लगता है कि मूल ग़ज़ल के शेर की विवेचना यह समझने में सहायक होगी कि ऐसी कठिन ज़मीनों पर शेर कैसे…"
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Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-189
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Tilak Raj Kapoor replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-189
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