For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Abhinav Arun's Discussions (1,778)

Discussions Replied To (1523) Replies Latest Activity

"ब-कद्रे मुक़द्दर सभी को मिलेगामैं मेहनत का अपनी मज़ा चाहता हूँमुझे सीमो-ज़र की नहीं लाल…"

Abhinav Arun replied May 22, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-59

680 May 23, 2015
Reply by मिथिलेश वामनकर

"बहुत खूब , सुन्दर गज़ल के लिये हार्दिक बधाई !!"

Abhinav Arun replied May 22, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-59

680 May 23, 2015
Reply by मिथिलेश वामनकर

सदस्य टीम प्रबंधन

"o b o का एक और शानदार और संमृद्ध आयोजन ..शामिल सभी शायरों का अभिनन्दन अभिवादन !!!"

Abhinav Arun replied Dec 2, 2014 to ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा अंक 53 में सम्मिलित सभी ग़ज़लों का संकलन (चिन्हित मिसरों के साथ)

37 Apr 26, 2015
Reply by मिथिलेश वामनकर

मुख्य प्रबंधक

"अभिनन्दन एवं अभिवादन टीम के सभी सुविज्ञ सदस्यों का !!"

Abhinav Arun replied Oct 8, 2014 to शरद सत्र 2014-15 हेतु ओपन बुक्स ऑनलाइन प्रबंधन टीम व कार्यकारिणी टीम का पुर्नगठन...

22 Apr 10, 2015
Reply by Madanlal Shrimali

सदस्य टीम प्रबंधन

"आदरणीय श्री राणा जी , हार्दिक बधाई आपके संयोजन और निर्देशन में एक और सफल आयोजन ! सभी…"

Abhinav Arun replied Oct 5, 2014 to ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा अंक 51 में शामिल सभी गज़लों का संकलन (चिन्हित मिसरों के साथ)

9 Apr 26, 2015
Reply by मिथिलेश वामनकर

"क्या खूब होगी सोचिये उस तिफ़्ल की अदा  रसखान जिसपे लिख रस की खान बन गए...बहुत खूब हर…"

Abhinav Arun replied Sep 23, 2014 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - 51

246 Sep 23, 2014
Reply by Dr. Vijai Shanker

"उम्मीद के करीब हवा तेज हो गईसाहिल के आस-पास ही तूफान बन गये..............क्या खूब गि…"

Abhinav Arun replied Sep 23, 2014 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - 51

246 Sep 23, 2014
Reply by Dr. Vijai Shanker

"बहुत खूब ग़ज़ल हुई है बधाई !!"

Abhinav Arun replied Sep 23, 2014 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - 51

246 Sep 23, 2014
Reply by Dr. Vijai Shanker

"मम्मी के प्यार ने हमें जीना सिखा दिया I पापा की मार खाके ही इन्सान बन गए II५II      …"

Abhinav Arun replied Sep 23, 2014 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - 51

246 Sep 23, 2014
Reply by Dr. Vijai Shanker

"शानदार ग़ज़ल इस शेर पर सौ सौ साधुवाद ...क्या हकीकत कही आपने .. खुशबू लुटाते बाग के माल…"

Abhinav Arun replied Sep 23, 2014 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक - 51

246 Sep 23, 2014
Reply by Dr. Vijai Shanker

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२ ****** घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये उघड़े  शरीर  आप  ही  सम्मान  हो गये।१। *…See More
5 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
yesterday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"क्षमा कीजियेगा 'मुसाफ़िर' जी "
yesterday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी 'मुसफ़िर' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला आपकी…"
Thursday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। सुंदर गजल हुई है। भाई रवि जी की सलाह से यह और निखर गयी है । हार्दिक…"
Thursday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"ग़ज़ल 2122   1212  22 आ कभी देख तो ले फ़ुर्सत में क्या से क्या हो गए महब्बत में मैं…"
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत - भैंस उसी की जिसकी लाठी // सौरभ
"  आपका हार्दिक धन्यवाद, आदरणीय लक्ष्मण धामी ’मुसाफिर’ जी   "
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Sushil Sarna's blog post दोहा एकादश. . . . . पतंग
"आदरणीय सुशील सरनाजी, पतंग को लगायत दोहावलि के लिए हार्दिक बधाई  सुघड़ हाथ में डोर तो,…"
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय रवि भसीन 'शहीद' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला ग़ज़ल तक आए और हौसला…"
Wednesday
Sushil Sarna posted blog posts
Tuesday
रवि भसीन 'शाहिद' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय Jaihind Raipuri जी,  अच्छी ग़ज़ल हुई। बधाई स्वीकार करें। /आयी तन्हाई शब ए…"
Tuesday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service