For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Er. Ganesh Jee "Bagi"'s Discussions (8,125)

Discussions Replied To (5844) Replies Latest Activity

"//सपने लिए हसीन लगा हौसलों के पर   भूला था राह जो कभी पंछी वो घर गया// आहा !! दिल खु…"

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक २७ (Now Closed)

719 Sep 30, 2012
Reply by Er. Ambarish Srivastava

"वाह वाह निगम साहब, अच्छी प्रस्तुति है, बधाई कुबूल करें, //कुछ   फूल मुस्कुराते , कित…"

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक २७ (Now Closed)

719 Sep 30, 2012
Reply by Er. Ambarish Srivastava

"आदरणीय कादरी साहब, अच्छी ग़ज़ल कही है, इसके लिए बधाई स्वीकार करें साथ ही मतला का वजन…"

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक २७ (Now Closed)

719 Sep 30, 2012
Reply by Er. Ambarish Srivastava

"आदरणीय अरविन्द चौधरी जी, आपकी ग़ज़ल बहुत ही प्यारी लगी, कहन जबरदस्त है, मुझे दो शेर…"

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक २७ (Now Closed)

719 Sep 30, 2012
Reply by Er. Ambarish Srivastava

"आदरणीय बागडे साहब, कहन बहुत ही सुन्दर पर ग़ज़ल शिल्प पर और परिश्रम की मांग ग़ज़ल कर…"

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक २७ (Now Closed)

719 Sep 30, 2012
Reply by Er. Ambarish Srivastava

"जिंदगी से परेशान होकर मै तो सिहर गया होकर परेशां जिन्दगी से मैं सिहर गया २२१     २१२…"

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक २७ (Now Closed)

719 Sep 30, 2012
Reply by Er. Ambarish Srivastava

"//तकदीर मुट्ठियों में भरे आए हैं सभी खाली हथेलियों को लिये हर बशर गया// वाह वाह आदर…"

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक २७ (Now Closed)

719 Sep 30, 2012
Reply by Er. Ambarish Srivastava

"वाह आदरणीय वाह एक राजा के साथ दो दो रानियाँ :-) एक मतला और दो हुस्न मतला के साथ बहुत…"

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 28, 2012 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक २७ (Now Closed)

719 Sep 30, 2012
Reply by Er. Ambarish Srivastava

""

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 23, 2012 to एक घोषणा :- प्रतिष्ठित हिंदी समाचार पत्र "हमारा मेट्रो" आपकी रचनाओं को नियमित प्रकाशित करेगी...

131 Nov 25, 2013
Reply by Er. Ganesh Jee "Bagi"

""

Er. Ganesh Jee "Bagi" replied Sep 15, 2012 to एक घोषणा :- प्रतिष्ठित हिंदी समाचार पत्र "हमारा मेट्रो" आपकी रचनाओं को नियमित प्रकाशित करेगी...

131 Nov 25, 2013
Reply by Er. Ganesh Jee "Bagi"

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Ashok Kumar Raktale posted a blog post

चौपाइयाँ

*दोहा*बरखा के बढ़ते क़दम, आये  हैं  अब पास।दूर नहीं है साजना, सुरभित सावन मास।।*चौपाई*वह फुहार वह साथ…See More
12 hours ago
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post बरसात
"  आदरणीय चेतन प्रकाश साहब सादर नमस्कार, यही तो मुख्य है विषय है इस रचना का. नदी नहीं उफ़नाई है.…"
12 hours ago
Chetan Prakash commented on Ashok Kumar Raktale's blog post बरसात
"आदरणीय,  अशोक  रक्ताले साहब, नमस्कार  !  लेकिन  यह कैसी "रिमझिम…"
15 hours ago
Profile IconShyamsundar Chatterjee , Alamseti ajita kumar and Dr. Mohd Israr joined Open Books Online
18 hours ago
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post बरसात
"आदरणीय सौरभ जी सादर प्रणाम, प्रस्तुत रचना की सारगर्भित समीक्षा कर आपने मेरे सृजन कार्य को सार्थकता…"
Saturday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . .मंच
"परम आदरणीय सौरभ जी सादर प्रणाम - सर सृजन के भावों को आत्मीय मान से अलंकृत करने का दिल से आभार…"
Friday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on धर्मेन्द्र कुमार सिंह's blog post रहना हो भारत में जिंदा, चुप रहिए (ग़ज़ल)
"वायव्य दशा के प्रस्तुतीकरण के क्रम में बना विश्वास प्रस्तुति की शाब्दिकता को स्थापित करता हुआ सफल…"
Friday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . .मंच
"संसार का मंच एक गंभीर विषय है. तदनुरूप आपका प्रयास श्लाघनीय है, आदरणीय सुशील सरना जी.  कई…"
Friday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Ashok Kumar Raktale's blog post बरसात
"आदरणीय अशोक भाईजी, कितनी निष्कपट, कितनी भोली, कितनी सरस कविता हुई है ! जैसे, कोई अबोध बच्चा…"
Friday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . .मंच
"आदरणीय  अशोक रक्ताले जी सृजन के भावों को आत्मीय मान से अलंकृत करने का दिल से आभार आदरणीय…"
Thursday
Ashok Kumar Raktale commented on धर्मेन्द्र कुमार सिंह's blog post रहना हो भारत में जिंदा, चुप रहिए (ग़ज़ल)
"चुप रहिए...  वाह  क्या रदीफ़ है, इसे देखकर ही मैं हाज़िर हो गया.  रहना हो भारत में…"
Jul 5
Ashok Kumar Raktale commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . .मंच
"अभिनय करते मंच पर, माटी के किरदार ।जीवन की अनुभूतियाँ, करते वो साकार ।।.....सच है अभिनय जीवन की…"
Jul 5

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service