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Archana Tripathi's Discussions (873)

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"आ.सर आपने कथा को जो उम्दा समय दिया एवं सदैव उत्कृष्ट मार्गदर्शन करते हैं उसके लिए तह…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"क्षमा के साथ ,क्या उक्त कथा में दोनों ओर से हुई अमानवीयता की पराकाष्ठा को ही मानवता…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"आज के सामयिक परिवेश का बढ़िया आकलन करती बेहतरीन कथा के लिए हार्दिक बधाई आपको आ.मनन कु…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"ओह!शुरुवात में लगा की पिता के गलत व्यवहार का बदला लेने की कथा हैं लेकिन अंत आते ही आ…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"वाह!कई किले एकसाथ ढहे लेकिन गूंज एक की ही सुनी और देखा भी एक को ही।संस्कार,परम्परा औ…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"हार्दिक धन्यवाद आ.ओमप्रकाश क्षत्रिय जी ,सदैव स्वागत हैं आपका बहुमूल्य मर्दर्शन अपेक्…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"बढ़िया कथा ,सर के संस्कारों की पोटली किले में ही छूट गयी।हार्दिक बधाई आ.डॉ.विजय शंकर…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"किला ढहते ढहते रह गया अतः किले को ढहने के दर्द से मुक्ति मिल गयी।मानवीय मूल्यों से स…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"क्षेत्र,भाषा,राष्ट्र और भी नाजाने अनजाने कितने भागों में बटे मानव की मानवता के पतन ह…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"ढहते अरमानो की बढ़िया प्रेम कथा ,अपने अरमानो को समेटते हुए दूसरे की इज्जत और कार्य मे…"

Archana Tripathi replied Jan 30, 2017 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-22 (विषय: ढहते क़िले का दर्द)

827 Jan 31, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

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"सादर अभिवादन।"
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