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JAWAHAR LAL SINGH
  • Male
  • Jamshedpur, Jharkhand.
  • India
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JAWAHAR LAL SINGH posted a blog post

मुखर्जी बाबू का विजयदसमी

मुखर्जी बाबू सेवा निवृत्ति के बाद इस बार दुर्गापूजा के समय बेटे रोहन के बार-बार आग्रह करने पर उसी के पास हैदराबाद में आ गए हैं। वैसे तो वे अपनी पत्नी के साथ भवानीपुर वाले मकान में ही रहते थे। रोहन, अपर्णा और बंटी के साथ हर-साल दुर्गा पूजा में अपने घर आते थे। वे लोग बाबा और माँ के लिए नए कपड़े आदि उपहार लेकर आते थे। मिठाइयां मुखर्जी बाबू खुद बाजार सेखरीदकर लाते थे। मिसेज मुखर्जी भी अपने पूरे परिवार के लिए घर में ही कुछ अच्छे-अच्छे सुस्वादु पकवान और मछली अपने हाथ से बनाती थी। उनकी बहू अपर्णा भी एक…See More
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JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"प्रदत्त विषय पर बहुत ही सुन्दर प्रस्तुति आदरणीया दिव्या राकेश जी!"
Oct 11, 2020
JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी, आपकी दूसरी प्रस्तुति भी काफी प्रशंसनीय है. आपने यहाँ अवसर को पूरे विस्तार से समायोजित कर कालजयी बनाने की कोशिश की है. बहुत बहुत बधाई!"
Oct 11, 2020
JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"बहुत ही सुन्दर और संदेशप्रद कुण्डलिया हुई है प्रदत्त शीर्षक पर ... आदरणीया अंजली गुप्ता जी को बहुत बहुत बधाई और अभिनन्दन!"
Oct 11, 2020
JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"बच सकें तो बचें आप अहसान सेज़िंदगी को जियें सिर्फ़ सम्मान से पहला शेर ही ध्यान आकृष्ट करता है ताकि आगे पढ़ने उत्कंठा जाग्रत हो. बहुत बहुत बधाई आदरणीय डॉ.छोटेलाल सिंह जी!"
Oct 11, 2020
JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"उत्साहवर्धन के लिए हार्दिक आभार आदरणीय लक्ष्मण धामी जी, तीसरे दोहे को मैं सुधार कर लूँगा तथा अंत में निवेदित कर दूंगा. सादर!"
Oct 11, 2020
JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"बहुत बहुत आभार आदरणीया अंजली गुप्ता जी, तीसरे दोहे पर ध्यान आकर्षित करने के लिए. मैं समझ गया गलती कहाँ हुई है. सुधार के लिए निवेदन कर दूंगा. इस मंच यही खासियत है जिससे हमेशा सीखने समझने में मदद मिलती है. अभिनन्दन आपका!"
Oct 11, 2020
JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"दोहों पर दोहे के माध्यम  से ही प्रतिक्रिया देकर  उत्साहवर्धन के लिए बहुत बहुत आभार आदरणीय अखिलेश कृष्ण जी."
Oct 11, 2020
JAWAHAR LAL SINGH commented on TEJ VEER SINGH's blog post अवसरवादी  - लघुकथा –
"आदरणीय तेजवीर सिंह जी, हमेशा की तरह धारदार लघुकथा हुई है. नेतागण ऐसे ही अवसरवादी होते हैं. कैमरे के सामने उनके हाथी के दांत ही तो दिखते हैं. बहुत बहुत बधाई!"
Oct 10, 2020
JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"बहुत बहुत आभार आदरणीय डॉ छोटेलाल सिंह जी! दोहों पर आपकी उत्साहवर्धक प्रतिक्रिया पाकर मैं धन्य हो गया."
Oct 10, 2020
JAWAHAR LAL SINGH commented on TEJ VEER SINGH's blog post सत्य की तलाश  - लघुकथा –
"आदरणीय तेजवीर सिंह जी, समसामयिक घटनाओं पर मार्मिक व्यंग्य प्रस्तुत करती हुई लघुकथा रोमांचित भी करती है. कलम को सत्य की तलाश में लगे रहना चाहिए. सादर!"
Oct 10, 2020
JAWAHAR LAL SINGH commented on Deepalee Thakur's blog post चॉकलेट बार (लघुकथा)
"आदरणीया दीपाली जी, वास्तव में ऐसे प्रोत्साहन की जरूरत है. आवश्यक प्रोत्साहन और देख रेख के अभाव में अनेकों बच्चे अपने लक्ष्य को नहीं प्राप्त कर पाते! बधाई स्वीकारें "
Oct 10, 2020
JAWAHAR LAL SINGH commented on Sushil Sarna's blog post वेदना कुछ दोहे :
"आदरणीय सुश्आहेल सरना जी, आपने नारी की वेदना को बखूबी चित्रित किया है कृपया अंतिम पद देख लें  नारी सहे अपमान १२ मात्राएँ हो रही हैं मेरी समझ से. सादर "
Oct 10, 2020
JAWAHAR LAL SINGH commented on Nilesh Shevgaonkar's blog post ग़ज़ल नूर की- तुम्हें लगता है रस्ता जानता हूँ
"मैं उतरा अपने ही दिल में तो पाया  अभी ख़ुद को ज़रा सा जानता हूँ. आदरणीय नीलेश जी, यों तो सभी शेर अच्छे हैं पर मुझे जो ससे अच्छे लगी उसे मैंने ऊपर इंगित कर दिया है. बहुत बहुत बधाई!"
Oct 10, 2020
JAWAHAR LAL SINGH replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-120
"आदरणीय अखिलेश कृष्ण जी, आपने बहुत अच्छे -अच्छे सुझाव दिए हैं अच्छा बनाने का. वैसे मनुष्य को हमेशा अच्छे बने रहने के प्रयास करते रहने चाहिए. प्रदत्त विषय पर अच्छे रचना हुई है. बधाई स्वीकारें !"
Oct 10, 2020
JAWAHAR LAL SINGH commented on सालिक गणवीर's blog post सूखी हुई है आज मगर इक नदी है तू...( ग़ज़ल :- सालिक गणवीर)
"आदरणीय सालिक गणवीर साहब, सभी शेर एक से बढ़कर एक हुए है. बधाई स्वीकारें!"
Oct 10, 2020

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Male
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JAMSHEDPUR
Native Place
PATNA
Profession
SERVICE
About me
INTRESTED IN HINDI LITRATURE, HINDU REILIGION,POLITICS.

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मुखर्जी बाबू का विजयदसमी

मुखर्जी बाबू सेवा निवृत्ति के बाद इस बार दुर्गापूजा के समय बेटे रोहन के बार-बार आग्रह करने पर उसी के पास हैदराबाद में आ गए हैं। वैसे तो वे अपनी पत्नी के साथ भवानीपुर वाले मकान में ही रहते थे। रोहन, अपर्णा और बंटी के साथ हर-साल दुर्गा पूजा में अपने घर आते थे। वे लोग बाबा और माँ के लिए नए कपड़े आदि उपहार लेकर आते थे। मिठाइयां मुखर्जी बाबू खुद बाजार सेखरीदकर लाते थे। मिसेज मुखर्जी भी अपने पूरे परिवार के लिए घर में ही कुछ अच्छे-अच्छे सुस्वादु पकवान और मछली अपने हाथ से बनाती थी। उनकी बहू अपर्णा भी…

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Posted on October 17, 2021 at 10:30pm

खुद्दार

सौंपी थी जिसे चाबी खुद्दार समझकर
सारा सामान लेकर चाबी वो दे गया
करता रहा भरोसा ताउम्र उसी पर
गुस्ताख़ की शक्ल भी धुँधला वो कर गया.
मायूस न हो …
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Posted on July 10, 2019 at 4:00pm — 2 Comments

कुछ दोहे - क्रोध पर

बड़े लोग कहते रहे, जीतो काम व क्रोध.

पर ये तो आते रहे, जीवन के अवरोध.  

माफी मांगो त्वरित ही, हो जाए अहसास.

होगे छोटे तुम नहीं, बिगड़े ना कुछ ख़ास.

क्रोध अगर आ जाय तो, चुप बैठो क्षण आप.

पल दो पल में हो असर, मिट जाएगा ताप .

रोकर देखो ही कभी, मन को मिलता चैन.

बीती बातें भूल जा, त्वरित सुधारो बैन  .

(मौलिक व अप्रकाशित)

Posted on February 6, 2019 at 10:50pm — 6 Comments

कुछ मुक्तक आँखों पर

अँखियों में अँखियाँ डूब गई,

अँखियों में बातें खूब हुई.

जो कह न सके थे अब तक वो,

दिल की ही बातें खूब हुई.

*

हमने न कभी कुछ चाहा था,

दुख हो, कब हमने चाहा था,

सुख में हम रंजिश होते थे,

दुख में भी साथ निबाहा था.

*

ऑंखें दर्पण सी होती है,

अन्दर क्या है कह देती है.

जब आँख मिली हम समझ गए,

बातें अमृत सी होती है.

*

आँखों में सपने होते हैं,

सपने अपने ही होते हैं,

आँखों में डूब जरा…

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Posted on August 22, 2016 at 7:00am — 16 Comments

Comment Wall (16 comments)

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At 11:48am on November 4, 2019, TEJ VEER SINGH said…

जन्म दिन की हार्दिक बधाई आदरणीय जवाहर लाल सिंह जी। ईश्वर सदैव सुख, शांति एवं समृद्धि प्रदान करें। दीर्घायु बनो स्वस्थ रहो। हमेशा उन्नति के पथ पर अग्रसर रहो। हमारे सारे परिवार की ओर से हार्दिक शुभकामनाएं।

At 11:06am on November 4, 2018, TEJ VEER SINGH said…

जन्म दिन की हार्दिक बधाई आदरणीय जवाहर लाल सिंह जी।

At 10:17am on June 10, 2013, D P Mathur said…

आदरणीय जवाहर जी आपका हार्दिक आभार !

At 10:12am on May 12, 2013, बृजेश नीरज said…

आदरणीय जवाहर जी आपको यहां साथ देखकर मुझे अपार खुशी हुई। आपकी शुभकामनाओं हेतु हार्दिक आभार! अपना स्नेह यूं ही बनाए रखिएगा!
सादर!

At 10:57am on November 29, 2012, Sanjay Rajendraprasad Yadav said…

सादर नमस्कार श्री जवाहर जी.............!!

At 2:41pm on May 20, 2012, Yogi Saraswat said…

बहुत बहुत धन्यवाद श्री जवाहर  जी  ! आपका  आशीर्वाद  मिला

At 7:14pm on April 12, 2012, Sarita Sinha said…

jawahar bhai sahab, namaskar,

meri kavita pasand karne ke liye dhanyvad...

'click' par click karne se to transliterate ka page khulta hai..kya wahan se copy/paste  karna hoga???

At 11:17pm on April 9, 2012, SURENDRA KUMAR SHUKLA BHRAMAR said…

हे, मेरे ईश्वर,

हे मेरे परमात्मा,

दे इन्हें सदबुद्धि,

दे इन्हें आत्मा,

न लड़ें, ये खुद से,

कभी धर्म या भाषा के नाम पर,

प्रिय जवाहर जी जय श्री राधे --प्रभु आप के मन की बात सुनें ..सब एकीकृत हों प्यार इस चमन में गूंजे पुरवाई चले प्रेम और स्नेह की 

सुन्दर ...
भ्रमर ५ 


At 2:41pm on April 7, 2012, Mukesh Kumar Saxena said…

Shri jawahar ji aapne meri kavitayen pasand ki uske liye aabhari hun kirpya isi prakar haunsa badaye.dhanyabad.

At 12:47pm on April 2, 2012, PRADEEP KUMAR SINGH KUSHWAHA said…

aadarniy singh sahab ji , dhanyvad. ye apki mahanta hai.

 
 
 

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