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ved 'vyathit''s Page

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Ambarish Srivastava commented on ved 'vyathit''s blog post कविता
"//चाहा तो दूर रहूँ शक्त नही मन था कोमल थे तार बहुत टूटन का डर था सोचा संगीत बजे उच्छल इन साँसों में ||// भाई वेद 'व्यथित' जी ! इस मनभावन रचना के लिए साधुवाद ! "अंतर की सुरत हुईं" में 'सुरत' से आपका…"
Apr 6
संदीप द्विवेदी 'वाहिद काशीवासी' commented on ved 'vyathit''s blog post कविता
"चाहा तो दूर रहूँ शक्त नही मन था कोमल थे तार बहुत टूटन का डर था सोचा संगीत बजे उच्छल इन साँसों में वाह! इस सुन्दर प्रस्तुति के अवलोकन से सुखद अनुभूति हुई! हार्दिक बधाई आपको|"
Apr 6
PRADEEP KUMAR SINGH KUSHWAHA commented on ved 'vyathit''s blog post कविता
"ADARNIYA VED JI SUNDAR BHAV KE SATH SUNDAR PRASTUTI. BADHAI."
Apr 4
Arun Kumar Pandey 'Abhinav' commented on ved 'vyathit''s blog post कविता
"आकर्षण विद्युत सा अंग अंग संग रहा तमस बहु रंग हुआ गहरे तक डूब गया ved ji is sashakt rachna ke hardik badhai aapko"
Apr 4
ved 'vyathit' posted a blog post

कविता

आकर्षणकाजल की रेख कहीं अंदर तक पैठ गई तमस की आकृतियाँ अंतर की सुरत हुईंमन को झकझोर दिया गहरी सी सांसों ने ||दूर कहाँ रह पाया आकर्षण विद्युत सा अंग अंग संग रहा तमस बहु रंग हुआगहरे तक डूब गया अपनी ही साँसों में ||चाहा तो दूर रहूँ शक्त नही मन था कोमल थे तार बहुत टूटन का डर थासोचा संगीत बजे उच्छल इन साँसों में ||जो भी जिया था उस क्षण का सच था किस ने सोचा ये आगे का सच क्याफिर भी वो शेष रहा जीवन की सांसों में ||See More
Apr 4
ved 'vyathit' replied to sanjiv verma 'salil''s discussion लेखमाला: जगवाणी हिंदी का वैशिऽष्टय् छंद और छंद विधान: 1 --आचार्य संजीव वर्मा ‘सलिल in the group हिंदी की कक्षा
"bde smmna ke sath nivedn hai ki tuk yhan pr snskrit ki prmpra me vrnit aap ke aalekh me yh urdu ka shbd prithk hona chahiye is ke sthan pr antyanupras smbhvt: uchit hoga "
Dec 1, 2011
ved 'vyathit' posted a blog post

अमर बलिदानी मोहन चंद शर्मा के बलिदान दिवस पर नम आँखों से श्रद्धांजली

 अमर बलिदानी मोहन चंद शर्मा के बलिदान दिवस पर नम आँखों से श्रद्धांजली मोहन चंद गये ही क्यों थे आतंकी से लड़ने को भारत माता के चरणों में जीवन अर्पण करने को ऐसे ऐसे  प्रश्नों की यदि छूट  मिलेगी शासन से कौन चलेगा यहाँ देश हित जीवन अर्पण करने को ||मेरी नही चिता पर मेले यहाँ कहीं लग पाएंगे गोली सीने पर खाई है फिर भी  जाँच बिठाएंगे बेशर्मी की हद हो गई आतंकी सम्मानित हैं अगर देश पर मर जाओगे तो भी प्रश्न उठाएंगे ||बहुत २ सारे वादे तो किये चिता पर जायेंगे पर जैसे ही चिता बुझेगी दिए भुला वे जायेंगे फिर…See More
Sep 19, 2011
ved 'vyathit' replied to sanjiv verma 'salil''s discussion लेखमाला: जगवाणी हिंदी का वैशिऽष्टय् छंद और छंद विधान: 1 --आचार्य संजीव वर्मा ‘सलिल in the group हिंदी की कक्षा
"bhut hi aadr v smman se jigyasa vsh nivedn kr rha hoon ki tuk shbd kya chnd vidhan ke anrtgt hai ya is ke sthan pr antyaanupras hona chahiye tuk mere vichar se aagt shbd hai jo chnd vidhan me nhi hona chahiye shyd is ke sthan pr antyanupras hi tuk…"
Aug 1, 2011
ved 'vyathit' joined Admin's group
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हिंदी की कक्षा

हिंदी सीखे : वार्ताकार - आचार्य श्री संजीव वर्मा "सलिल"
Aug 1, 2011
ved 'vyathit' posted a status
"maine jo nai vidha tri pdi bhejin hain us pr khin bhi kisi ne bhi vichar nhi kya n hi sujhav diya kya karn hain ?"
Jul 30, 2011
ved 'vyathit' commented on sangeeta swarup's blog post पिघलता पत्थर
"sundr bdhai "
Jul 28, 2011
ved 'vyathit' posted a blog post

त्रि-पदी

 मित्रों इन रचनाओ को त्रि पदी नाम दिया है यह साहित्य में नया प्रयोग है कुछ जगह मेरी कुछ त्रि पदी प्रकाशित भी हो चुकी हैं मित्रों ने इन्हें बड़ा स्नेह भी दिया है यहाँ पहली बार पोस्ट करने का साहस कर रहा हूँ यहाँ भी आप सब का स्नेह अवश्य प्राप्त होगा यह तीन पंक्ति की रचना है तीन पंक्ति में ही बात पूरी हो जनि चाहिए पहली व तीसरी पंक्ति में अन्त्यानुप्रास होना चाहिए आप के समक्ष प्रस्तुत हैं :-त्रि पदी भूले कब जाते हैं जो याद बहुत आते वे खूब सताते हैं |जो खूब सताते हैं वे याद बहुत आते पर भूले जाते हैं…See More
Jul 28, 2011
Aradhana left a comment for ved 'vyathit'
"वेद जी, हार्दिक धन्यवाद"
Jul 27, 2011
ved 'vyathit' left a comment for Aradhana
"aaraadhna ji aabhr "
Jul 27, 2011
ved 'vyathit' commented on Aradhana's blog post संस्मरण (Reminiscence)
"कब भूले जाते हैं जो याद बहुत आते वे खूब सताते हैं || yaden aisi hi hoti hain"
Jul 26, 2011

Profile Information

Gender
Male
City State
faridabad
Native Place
faridabad
Profession
Gov. Service

Ved 'vyathit''s Blog

कविता

Posted on April 4, 2012 at 11:30am 4 Comments

आकर्षण

काजल की रेख कहीं

अंदर तक पैठ गई

तमस की आकृतियाँ

अंतर की सुरत हुईं

मन को झकझोर दिया

गहरी सी सांसों ने ||

दूर कहाँ रह पाया

आकर्षण विद्युत सा

अंग अंग संग रहा

तमस बहु रंग हुआ

गहरे तक डूब गया

अपनी ही साँसों में ||

चाहा तो दूर रहूँ

शक्त नही मन था

कोमल थे तार बहुत

टूटन का डर था

सोचा संगीत बजे

उच्छल इन साँसों में ||

जो भी जिया था

उस क्षण का सच था

किस ने सोचा ये…

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अमर बलिदानी मोहन चंद शर्मा के बलिदान दिवस पर नम आँखों से श्रद्धांजली

Posted on September 19, 2011 at 2:14pm 0 Comments

 

अमर बलिदानी मोहन चंद शर्मा के बलिदान दिवस पर नम आँखों से श्रद्धांजली 





मोहन चंद गये ही क्यों थे आतंकी से लड़ने को 

भारत माता के चरणों में जीवन अर्पण करने को 
ऐसे ऐसे  प्रश्नों की यदि छूट  मिलेगी शासन से 
कौन चलेगा यहाँ देश हित जीवन अर्पण करने को ||


मेरी नही चिता पर मेले यहाँ कहीं लग पाएंगे 
गोली सीने पर…
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त्रि-पदी

Posted on July 28, 2011 at 2:00pm 0 Comments

 

मित्रों इन रचनाओ को त्रि पदी नाम दिया है यह साहित्य में नया प्रयोग है कुछ जगह मेरी कुछ त्रि पदी प्रकाशित भी हो चुकी हैं मित्रों ने इन्हें बड़ा स्नेह भी दिया है यहाँ पहली बार पोस्ट करने का साहस कर रहा हूँ यहाँ भी आप सब का स्नेह अवश्य प्राप्त होगा 
यह तीन पंक्ति की रचना है तीन पंक्ति में ही बात पूरी हो जनि चाहिए पहली व तीसरी पंक्ति में अन्त्यानुप्रास होना चाहिए 
आप के समक्ष प्रस्तुत हैं…
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चौपदे

Posted on July 25, 2011 at 10:13am 6 Comments

ऐसे सुंदर धन को भी तुम काला धन कहते हो

चित्र छपा जिस पर गाँधी का क्यों काला कहते हो

धन तो धन है कैसे इस को स्याह सफेद कहोगे

काली तो सत्ता है जिस को तुम अपनी कहते हो ||



आयोगों पर और नये आयोग बिठाते जाओ

या सी बी आई से वर्षों जाँच कराते जाओ

पर अपराधी हाथ नही आ पायेंगे कैसे भी

क्यों कि कृपा है सत्ता की उन्हें बचाते जाओ ||



गद्दारों को इसी देश में मान बहुत मिलता है

उन्हें बड़े बुद्धिजीवी का गौरव भी मिलता है

क्यों की जिस में खाते हैं वे छेद… Continue

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At 8:35am on July 27, 2011, Aradhana said…
वेद जी, हार्दिक धन्यवाद
At 9:57am on July 9, 2011, Ganesh Jee "Bagi" said…
At 9:21pm on July 3, 2011, Gyanendra Nath Tripathi said…
At 7:54pm on July 3, 2011, Admin said…
At 6:51pm on July 2, 2011, PREETAM TIWARY(PREET) said…
 
 
 

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