For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Naval Kishor Soni
  • Male
  • Jaipur, Rajasthan
  • India
Share

Naval Kishor Soni's Friends

  • पीयूष द्विवेदी भारत
  • PHOOL SINGH
  • सूबे सिंह सुजान
  • seema agrawal
  • deepti sharma
  • Albela Khatri
  • Yogi Saraswat
  • Rekha Joshi
  • SANDEEP KUMAR PATEL
  • Dr.Prachi Singh
  • Ashok Kumar Raktale
  • rajesh kumari
  • VISHAAL CHARCHCHIT
  • AVINASH S BAGDE
  • Er. Ambarish Srivastava
 

Naval Kishor Soni's Page

Latest Activity

Naval Kishor Soni commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"शुक्रिया बृजेश कुमार जी ."
Jul 13
बृजेश कुमार 'ब्रज' commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"उम्दा रचना है आदरणीय..."
Jul 13
Naval Kishor Soni commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"शुक्रिया आदरणीया नीलम जी."
Jul 13
Neelam Upadhyaya commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"आदरणीय नवल किशोर जी, बढ़िया प्रस्तुति के बधाई । "
Jul 13
Naval Kishor Soni commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"शुक्रिया मेम !"
Jul 13
Naval Kishor Soni commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"शुक्रीया मेम !"
Jul 13

सदस्य कार्यकारिणी
rajesh kumari commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"अच्छी रचना है नवल किशोर जी बधाई आपको "
Jul 12
Naval Kishor Soni commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"शुक्रिया सर !"
Jul 12
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"अच्छी रचना हुयी है हार्दिक बधाई ।"
Jul 12
Naval Kishor Soni commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"आदरणीय तेजवीर सिंह जी एवं जनाब समर कबीर जी हौसला अफजाई के लिए आप दोनों का शुक्रिया ."
Jul 12
TEJ VEER SINGH commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"हार्दिक बधाई आदरणीय नवल किशोर जी। लाज़वाब प्रस्तुति।"
Jul 12
Samar kabeer commented on Naval Kishor Soni's blog post तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?
"जनाब नवल किशोर सोनी जी आदाब, अच्छी कविता है, बधाई स्वीकार करें ।"
Jul 11
Naval Kishor Soni posted a blog post

तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?

जुमले बाजी का नाम सियासत |मक्कारों का काम सियासत |जाति,धर्म पर लड़वाने मेंसबसे आगे आज सियासत |रोजगार के ख्वाब  दिखाकरलूटे सरे आम  सियासत |घोटालों में लिप्त है नेताबेमानी का नाम सियासत |बेटियों की लुटती  आबरूचुप बैठी है  आज सियासत | लाज-शर्म को गिरवी रखकरकरती नंगा नाच सियासत |भाई-भतीजावाद है हावीतेरी-मेरी कहाँ सियासत ?"मौलिक एवं अप्रकाशित"See More
Jul 11
Samar kabeer commented on Naval Kishor Soni's blog post इन्सान रहने दो इन्सान को !
"जनाब नवल किशोर सोनी जी आदाब,अजीब-ओ-ग़रीब सवाल हैं इस रचना में,बहरहाल इस प्रस्तुति पर बधाई स्वीकार करें ।"
Mar 1
Naval Kishor Soni commented on Naval Kishor Soni's blog post इन्सान रहने दो इन्सान को !
"शुक्रिया मोहम्मद आरिफ साहब ."
Mar 1
Mohammed Arif commented on Naval Kishor Soni's blog post इन्सान रहने दो इन्सान को !
"आदरणीय नवल किशोर जी आदाब,                      अच्छी रचना । इसे और बेहतर बनाने की कोशिश करेंगे तो श्रेष्ठ रचना बन जाएगी । हार्दिक बधाई स्वीकार करें ।            …"
Feb 28

Profile Information

Gender
Male
City State
jaipur, Rajasthan
Native Place
Baran, Rajasthan
Profession
District Manager, Educate Girls
About me
I live at my present and enjoy every movments

Naval Kishor Soni's Photos

  • Add Photos
  • View All

Naval Kishor Soni's Blog

तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?

जुमले बाजी का नाम सियासत |

मक्कारों का काम सियासत |

जाति,धर्म पर लड़वाने में

सबसे आगे आज सियासत |

रोजगार के ख्वाब  दिखाकर

लूटे सरे आम  सियासत |

घोटालों में लिप्त है नेता

बेमानी का नाम सियासत |

बेटियों की लुटती  आबरू

चुप बैठी है  आज सियासत |

 लाज-शर्म को गिरवी रखकर

करती नंगा नाच सियासत |

भाई-भतीजावाद है हावी

तेरी-मेरी कहाँ सियासत ?

"मौलिक एवं…

Continue

Posted on July 10, 2018 at 5:00pm — 11 Comments

इन्सान रहने दो इन्सान को !

कभी सोचता हूँ यदि ईश्वर-अल्लाह इत्यादि एक ही है

तो हम सबको अलग-अलग पैदा क्यों किया ?

इस बारे में क्या सोचते है आप ?

और माना कि पैदा  किया  भी तो फिर बीच में

कहाँ से आ टपके हमारे माँ-बाप ?

और पर्वत-पहाड़ नदियाँ तो बनते बिगड़ते है अपने आप

फिर इन सबको भी ऊपर वाले ने बनाया क्यों कहते है आप ?

और कभी सड़क पर आपको ड्राईवर टक्कर से बचा भी दें

तो आप पूरा श्रेय देते हैं भगवान को !

और मर गए तो आफत आती है ड्राईवर की जान को !

थोडा  सोचो…

Continue

Posted on February 27, 2018 at 12:30pm — 3 Comments

नई शुरुआत----

 नई शुरुआत-----

 

जो हो चुका सो हो चुका,

तुम इक नई शुरुआत करो.

हर चीज बदलती है,

अपनी आखिरी साँस के साथ,

तुम फिर से कोई जुदा बात करो.

उजड़ गया गर शहरे-आलम सारा,

तुम फिर नया अहसास…

Continue

Posted on March 14, 2017 at 12:15pm — 3 Comments

लो फिर चुनाव आ गये.

लो फिर चुनाव आ गये.

हम हर दल के नेता को भा गए.

‘दल-दल’ से निकल कर सब नेता,

शहर-गाँव में आ गये.

कोई मोबाइल, लैपटॉप दे रहा.

कोई दे रहा दाल घी,

खुले आम दरबार लगा है,

चाहे जितना खा और पी.

पांच साल हमने भोगा है,

कुछ दिन तुम भी लो भोग.

चुनावी वादें है, वादों का क्या,

समय के साथ भूल जाते है लोग.

गरीबों का हक हम खा गये,

लो फिर चुनाव आ गये.

"मौलिक व अप्रकाशित"

Posted on January 30, 2017 at 5:48pm — 6 Comments

Comment Wall (5 comments)

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

At 7:59am on August 29, 2012, सूबे सिंह सुजान said…

मित्रता के लिये धन्यवाद भाई साहब

At 1:42pm on August 28, 2012, SANDEEP KUMAR PATEL said…

स्वागत है आपका साहब

At 7:43pm on September 14, 2011, PREETAM TIWARY(PREET) said…

At 8:45pm on September 9, 2011,
मुख्य प्रबंधक
Er. Ganesh Jee "Bagi"
said…
At 10:39am on September 7, 2011, Admin said…

 
 
 

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Arpana Sharma commented on Arpana Sharma's blog post "धरा की पाती"/ कविता-अर्पणा शर्मा, भोपाल
"जनाब मो.आरिफ जी - बेशक मानसून आ चुका । लेकिन अभी पर्याप्त बारिश नहीं हुई है। पूरे वर्ष भर के लिये…"
4 hours ago
Arpana Sharma commented on Arpana Sharma's blog post "धरा की पाती"/ कविता-अर्पणा शर्मा, भोपाल
"जनाब मो.आरिफ जी - बेशक मानसून आ चुका । लेकिन अभी पर्याप्त बारिश नहीं हुई है। पूरे वर्ष भर के लिये…"
4 hours ago
babitagupta commented on Sheikh Shahzad Usmani's blog post रिलेशनशिप (लघुकथा)
"दुनियां के तानों से व ओरो से अपनी सुरक्षा के लिए वेबशी में बनाए रिश्ते पर समाज की छींटा कशी तो होती…"
6 hours ago
Mohammed Arif commented on somesh kumar's blog post खोयी कहानी
"सोमेश जी आदाब,             अतीत स्मृतियों की डायरी को टटोलने की तलाश…"
7 hours ago
Mohammed Arif commented on Arpana Sharma's blog post "धरा की पाती"/ कविता-अर्पणा शर्मा, भोपाल
"आदरणीया अर्पणा शर्मा जी आदाब,                    …"
7 hours ago
Arpana Sharma commented on Sheikh Shahzad Usmani's blog post रिलेशनशिप (लघुकथा)
"एक भारतीय पतिव्रता स्त्री का गहन समर्पण और समाज के लांछनो,परिवार के तानों से बचने विवशता में अपनाया…"
7 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Sheikh Shahzad Usmani's blog post जनता जस-की-तस! (छंदमुक्त/अतुकांत कविता)
"आ. भाई शेख शहजाद जी, अच्छी रचना हुयी है । हार्दिक बधाई ।"
7 hours ago
Ajay Singh updated their profile
10 hours ago
Arpana Sharma commented on Arpana Sharma's blog post नीरज जी को श्रृद्धाजंली - अर्पणा शर्मा भोपाल
"आदरणीया जनाब समर कबीर जी,बबीता जी, उस्मानी जी, तेजवीर जी  - मेरी यह नन्ही सी कविता  तो…"
12 hours ago
Arpana Sharma commented on Arpana Sharma's blog post "धरा की पाती"/ कविता-अर्पणा शर्मा, भोपाल
"आदरणीया जनाब समय कबीर जी, जनाब उस्मानी जी, नरेन्द्र जी एवं बीता-  आप सभी के सह्रदय प्रोत्साहन…"
12 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Naveen Mani Tripathi's blog post ग़ज़ल
"आ. नवीन भाई, सुंदर गजल हुई है । हार्दिक बधाई ।"
12 hours ago
TEJ VEER SINGH commented on TEJ VEER SINGH's blog post सम्मान - लघुकथा –
"हार्दिक आभार आदरणीय समर क़बीर साहब जी।"
13 hours ago

© 2018   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service